कपूरथला , 6 सितंबर (आईएएनएस)। पंजाब के कपूरथला से एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है, जिसमें अंतिम संस्कार के बाद एक परिवार को उनका बेटा जिंदा मिल गया। इस कॉल से पता चला कि जिस युवक को परिवार ने मृत मान लिया था, वह असल में जीवित था और जेल में बंद था।
एनडीटीवी की रिपोर्ट के अनुसार, रवि कुमार नाम के इस युवक के परिवार को उसके जीवित होने का पता तब चला जब उन्हें जेल से एक फोन कॉल आया। यह कॉल उस घटना के बाद आया, जब परिवार ने एक शव का अंतिम संस्कार कर दिया था, जिसे वे अपना लापता बेटे का शव समझ रहे थे।
शुरुआती जानकारी के अनुसार रवि कुमार 5 अगस्त को घर से निकला था और लौटा नहीं। पिता और भाई ने बताया कि उन्होंने खुद उसे खोजने की कोशिश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला।
परिवार ने 11 अगस्त को कपूरथला सिटी पुलिस स्टेशन से संपर्क किया और गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। इस बीच, पुलिस ने परिवार को सूचित किया कि एक युवक का जला हुआ शव मिला है। परिवार को मृतक की तस्वीरें दिखाई गईं। परिवार के सदस्यों और अन्य रिश्तेदारों ने शव की पहचान अपने लापता बेटे रवि कुमार के रूप में की। परिवार ने 13 अगस्त को युवक का अंतिम संस्कार भी कर दिया।
हालांकि परिवार को 2 सितंबर को कपूरथला की सेंट्रल जेल के एक कर्मचारी का फोन आया। उन्हें बताया गया कि रवि कुमार नाम का एक व्यक्ति जेल में बंद है।
रवि कुमार को जालंधर पुलिस ने लगभग एक महीने पहले आवारागर्दी से जुड़े एक मामले में गिरफ्तार किया था और उसे सेंट्रल जेल में रखा गया था। इस जानकारी से परिवार हैरान और उलझन में पड़ गया। अगले दिन जेल में रवि कुमार को जीवित पाकर उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
