अमृतसर, 5 अक्टूबर (आईएएनएस)। अमृतसर में ड्यूटी से घर लौट रहे रेलवे पुलिस (जीआरपी) के एक सहायक सब-इंस्पेक्टर (एएसआई) पर जानलेवा हमला हुआ है। तीन अज्ञात मोटरसाइकिल सवारों ने एएसआई पर फायरिंग की, जिसमें वे घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, भाजपा ने हमले की निंदा करते हुए राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर भगवंत मान सरकार पर सवाल उठाए।
जीआरपी के एएसआई की पहचान सुखचैन सिंह के रूप में हुई है। वे रविवार देर रात अपनी ड्यूटी के बाद घर लौट रहे थे। इसी बीच, अजनाला थाना क्षेत्र के जगदेव खुर्द गांव के पास सुखचैन सिंह पर गोलियां चलाई गईं। पुलिस के अनुसार, यह घटना उनके गांव के पास एक नहर के पुल के नजदीक घटी। सुखचैन सिंह अपनी मोटरसाइकिल पर जा रहे थे, तभी मोटरसाइकिल पर सवार तीन अज्ञात व्यक्तियों ने उन पर करीब से गोली चला दी।
डीएसपी धर्मेंद्र कल्याण ने कहा कि जीआरपी अमृतसर में तैनात एएसआई सुखचैन सिंह ड्यूटी से घर लौट रहे थे। उनका घर अजनाला थाना क्षेत्र के जगदेव खुर्द गांव में स्थित है। जैसे ही वे नहर के पास अपने गांव के नजदीक पहुंचे, मोटरसाइकिल पर सवार तीन अज्ञात व्यक्तियों ने, जिनमें सुखचैन सिंह भी मोटरसाइकिल पर थे, उन पर करीब से गोली चलाई। गोली उनके बाएं कंधे पर लगी और आर-पार हो गई। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इस मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है और आरोपियों की पहचान व गिरफ्तारी के लिए जांच शुरू कर दी है। हमले के पीछे का मकसद अभी तक पता नहीं चल पाया है।
उधर, भाजपा सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने हमले की निंदा की और पंजाब सरकार से पुलिसकर्मियों और आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सवाल किए। बिट्टू ने आरोप लगाया कि पंजाब में गोलीबारी, हत्या, जबरन वसूली और पुलिसकर्मियों पर हमलों की घटनाएं बार-बार हो रही हैं, जिससे राज्य की कानून व्यवस्था की स्थिति पर चिंताएं बढ़ रही हैं।
बिट्टू ने ‘एक्स’ पोस्ट में लिखा, “और कितने पुलिसकर्मियों पर हमले होंगे? भगवंत मान सरकार क्या कर रही है? पंजाब में शायद ही कोई दिन ऐसा जाता हो जब गोलीबारी, हत्याएं या जबरन वसूली न हो। क्या ये ‘रंगला पंजाब’ है? आज पंजाब गैंगस्टरों के डर में जी रहा है। तीन एएसआई शहीद हो चुके हैं।”
उन्होंने आगे लिखा, “अब पुलिस बल को फिर से निशाना बनाया जा रहा है। अगर पुलिस खुद असुरक्षित है, तो आम नागरिक कैसे सुरक्षित महसूस कर सकते हैं? दिनदहाड़े हत्याएं, जबरन वसूली और पुलिस पर हमले, क्या यही आपका ‘बदलाव’ है? मुख्यमंत्री भगवंत मान, प्रचार और दिल्ली की राजनीति बंद कीजिए । पंजाब को जवाब और निर्णायक कार्रवाई चाहिए।”
