जयपुर, 15 अक्टूबर (आईएएनएस)। गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेदम ने कहा है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भरतपुर से भाजपा के पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना की हत्या को गंभीरता से लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
घटना को बेहद दुखद बताते हुए बेदम ने कहा कि ग्रामीणों और आरोपियों के बीच काफी समय से विवाद चल रहा था। मामले को सुलझाने के लिए मध्यस्थता हेतु कई पंचायतें आयोजित की गईं, लेकिन प्रयास विफल रहे।
विपक्ष द्वारा सीबीआई जांच की मांग पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष को अपने विचार व्यक्त करने का अधिकार है, लेकिन सरकार की जिम्मेदारी न्याय सुनिश्चित करना है।
अधिकारियों के अनुसार, यह हत्या भरतपुर जिले के भोंडा गांव में भड़ाना की पत्नी कमलेश के नाम पर स्थित एक पत्थर तोड़ने वाले संयंत्र तक जाने वाली सड़क और खनन कार्यों को लेकर लंबे समय से चले आ रहे विवाद के कारण हुई। संयंत्र में परिचालन फिर से शुरू होने और उस मार्ग के उपयोग को लेकर तनाव बढ़ गया था।
यह घटना 11 अक्टूबर को घटी, जब भड़ाना शाम 6:30 से 7:30 बजे के बीच कारखाने पहुंचे।
कथित तौर पर वहां भारी भीड़ जमा हो गई थी, जहां उन पर लाठियों, पत्थरों और लोहे की छड़ों से हमला किया गया। उनके निजी सुरक्षा गार्ड गगन शर्मा भी बीच-बचाव करने की कोशिश में गंभीर रूप से घायल हो गए।
भड़ाना को पहले वीर के एक अस्पताल ले जाया गया और बाद में जयपुर के एसएमएस अस्पताल में स्थानांतरित किया गया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया।
पुलिस ने इस घटना के संबंध में लगभग 80 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है और अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान भगमल गुर्जर, सोनी गुर्जर, शेर सिंह गुर्जर, बलदेव गुर्जर और कुमार सिंह गुर्जर के रूप में हुई है।
उन्हें पूछताछ के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।
मुख्यमंत्री के बयाना दौरे से एक दिन पहले, 27 सितंबर को पीडब्ल्यूडी डाक बंगले में बेदम और भडाना के बीच हुई कथित झड़प के बाद यह मामला सुर्खियों में आया है।
खबरों के मुताबिक, भड़ाना ने अपने फोन कॉल का जवाब न मिलने और मुख्यमंत्री के बयाना कार्यक्रम के बारे में जानकारी न दिए जाने पर नाराजगी जताई थी।
