नागोया, 22 अक्टूबर (आईएएनएस)। पुरुषों की 400 मीटर टी47 फाइनल दौड़ के दौरान, लेन के नियमों का उल्लंघन करने के कारण भाविककुमार भरवाड़ को अयोग्य घोषित कर दिया गया, जिसके साथ उनका ‘सिल्वर मेडल’ भी छिन गया।
गुरुवार को नागोया सिटी मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में भाविककुमार 49.31 सेकंड के समय के साथ दूसरे स्थान पर रहे थे। उनसे आगे एक और भारतीय, दिलीप महादु गावित (टी46) रहे, जिन्होंने 48.27 सेकंड के समय के साथ गोल्ड मेडल जीता। हालांकि, दौड़ के बाद भाविककुमार को टीआर18.2 (सी) नियम के उल्लंघन के कारण अयोग्य घोषित कर दिया गया, जिसका अर्थ है कि उन्होंने अपनी निर्धारित लेन के नियमों का पालन नहीं किया।
भाविककुमार के अयोग्य घोषित होने के बाद, जापान के काकेरु इशिदा (49.58 सेकंड) अब दूसरे स्थान पर आ गए हैं। इसके अलावा, उज्बेकिस्तान के मारुफजोन मुरोडुलोएव और श्रीलंका के सामन सुबासिंघे को संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर रखा गया है। इन दोनों धावकों ने 50.03 सेकंड का एक समान समय निकाला, जो इस सीजन में उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था।
जहां एक ओर भाविककुमार को अयोग्य घोषित किया गया, वहीं दूसरी तरफ गावित ने इन खेलों में अपना दूसरा गोल्ड मेडल जीता। इससे पहले, गावित ने पुरुषों की 100 मीटर टी47 श्रेणी में भी गोल्ड मेडल जीता था।
गावित (टी46 श्रेणी) ने 100 मीटर टी47 इवेंट में 10.69 सेकंड के बेहतरीन समय के साथ गोल्ड मेडल जीता। भारत की इस सफलता में एक और नाम जुड़ते हुए, बेसिल (टी47 श्रेणी) ने 10.72 सेकंड के समय के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया और खेलों का एक नया रिकॉर्ड भी बनाया।
दिलीप गावित ने इससे पहले एशियन पैरा गेम्स 2022 में पुरुषों की 400 मीटर टी47 स्पर्धा में गोल्ड जीता था, जो इन खेलों में भारत का ऐतिहासिक 100वां पदक था। उन्होंने पेरिस 2024 पैरालंपिक में पुरुषों की 400 मीटर टी47 स्पर्धा के फाइनल में पहुंचकर देश को और गौरवान्वित किया।
