करीब दो दशक बाद कोलकाता लौटीं तसलीमा नसरीन, ‘फेरा’ उपन्यास की कहानी से मेल...
नई दिल्ली, 1 अगस्त (आईएएनएस)। बांग्लादेशी मूल की चर्चित लेखिका तसलीमा नसरीन शनिवार को लगभग दो दशक बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से कोलकाता पहुंचीं। उनकी यह वापसी कई मायनों में उनके चर्चित उपन्यास 'फेरा (द रिटर्न)' की याद दिलाती है। हालांकि दोनों यात्राओं की परिस्थितियां अलग हैं, लेकिन विस्थापन, स्मृतियों और अपनेपन की तलाश का साझा भाव दोनों में स्पष्ट रूप से दिखाई देता है।
राष्ट्रीय वनमाली विशिष्ट कथा सम्मान 2026 की घोषणा, वरिष्ठ साहित्यकार कृष्णा अग्निहोत्री, रमेश दवे...
भोपाल। सुप्रसिद्ध कथाकार, शिक्षाविद् एवं चिंतक जगन्नाथ प्रसाद चौबे 'वनमाली' की 114वीं जयंती के अवसर पर आयोजित होने वाले वनमाली सृजन केंद्रों के छठवें...
तस्लीमा नसरीन 19 साल बाद आईं कोलकाता, बताया- ‘यहां दोबारा आकर बहुत अच्छा लग...
कोलकाता, 31 जुलाई (आईएएनएस)। बांग्लादेश की प्रसिद्ध लेखिका और कवयित्री तस्लीमा नसरीन शुक्रवार को लगभग 19 साल बाद कोलकाता लौटीं।
धनपत राय से कथा सम्राट प्रेमचंद बनने का सफर, जिनकी लेखनी आज भी समाज...
नई दिल्ली, 30 जुलाई (आईएएनएस)। हिंदी और उर्दू साहित्य का इतिहास जब भी लिखा जाएगा, उसमें मुंशी प्रेमचंद का नाम स्वर्ण अक्षरों में दर्ज रहेगा। उन्हें केवल एक उपन्यासकार या कहानीकार कहना उनके साहित्यिक व्यक्तित्व को सीमित करना होगा। प्रेमचंद ने अपनी लेखनी के माध्यम से भारतीय समाज के उस यथार्थ को शब्द दिए, जिसे उस दौर में बहुत कम लेखक इतनी संवेदनशीलता और निर्भीकता के साथ प्रस्तुत कर पाए।
देवास में 6 अगस्त को होगा ‘स्मरण अफ़ज़ल’ व्याख्यान, देशभर के कला और साहित्य...
भोपाल। वनमाली सृजन केंद्रों के छठवें राष्ट्रीय सम्मेलन के अंतर्गत प्रख्यात चित्रकार अफ़ज़ल खान की स्मृति में 'स्मरण अफ़ज़ल' व्याख्यान का आयोजन 6 अगस्त...
‘मुझ पर लगातार चाकू से वार कर रहा था’, अदालत में सलमान रुश्दी ने...
न्यूयॉर्क, 24 जुलाई (आईएएनएस)। लेखक सलमान रुश्दी ने उस भयावह हमले का आंखों देखा हाल अदालत में बयान किया, जिसमें 2022 में न्यूयॉर्क राज्य के चौटाक्वा इंस्टीट्यूशन में आयोजित एक साहित्यिक कार्यक्रम के दौरान उन पर चाकू से हमला किया गया था और उनकी दाहिनी आंख चली गई थी।
एआई के युग में मौलिक सोच और लेखन को एक साथ लाना अत्यधिक महत्वपूर्ण...
नई दिल्ली, 11 जुलाई (आईएएनएस)। पत्रकार अमृता त्रिपाठी द्वारा स्थापित 'से अगेन प्रेस' ने शनिवार को नई दिल्ली में अपनी नई प्रकाशन शाखा का शुभारंभ किया। इस दौरान साहित्यिक और प्रकाशन जगत की जानी-मानी हस्तियां मौजूद रहीं।
संस्कृति और कला समाज की चेतना का आधार, पत्रकारिता को इन्हें मुख्यधारा में देना...
भोपाल। हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय (आरएनटीयू) में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी के अंतिम दिन...
हिन्दी पत्रकारिता का भविष्य संवेदनशीलता, विश्वसनीयता और साहित्यिक सरोकारों से तय होगा: आरएनटीयू की...
भोपाल : 10 जुलाई/ रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय (आरएनटीयू) में हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी...
‘स्वाधीनता के गान’ में गूंजा राष्ट्रभक्ति का स्वर, वंदेमातरम् के जयघोष से गूंजा रवीन्द्र...
भोपाल : 9 जुलाई/ रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय (आरएनटीयू), स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी (एसजीएसयू) और विश्वरंग फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सांस्कृतिक प्रस्तुति 'स्वाधीनता...




