नैना शर्मा
रंगों का त्योहार है होली,
खुशियों की बहार है होली।
लाल, गुलाबी, नीला, पीला,
हर दिल का श्रृंगार है होली।
मिठाई की मिठास है इसमें,
अपनों का विश्वास है इसमें।
हँसी-खुशी सब गले मिलें,
प्यार का एहसास है इसमें।
ढोल नगाड़े बजते चारों ओर,
नाचें गाएँ मिलकर सब जोर।
रंग लगाओ, मन मत तोड़ो,
भूलो सारे गिले-शिकवे आज की होड़
फागुन की आई मस्ती छाई,
रंगों ने दुनिया मुस्काई।
पिचकारी से उड़ते रंग,
हर चेहरे पर खुशियाँ आई।
बीते दुख सब दूर हो जाएँ,
नए सपनों के फूल खिल जाएँ।
मन में प्रेम का दीप जले,
जीवन में खुशियों के रंग भर जाएँ।


