नई दिल्ली, 10 अक्टूबर (आईएएनएस)। रांची में खेले गए दूसरे टी20 इंटरनेशनल में वेस्टइंडीज द्वारा 250 रन का विशाल लक्ष्य हासिल करने के बाद भारत के पूर्व तेज गेंदबाज वरुण एरोन ने टीम इंडिया की गेंदबाजी रणनीति पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब शाई होप और शेरफेन रदरफोर्ड ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए मैच का रुख बदलना शुरू किया, तब भारतीय गेंदबाज अपनी तय योजना से भटक गए।
एरोन का मानना है कि भारतीय गेंदबाजों ने सही लाइन और लेंथ पर लगातार गेंदबाजी करने के बजाय बहुत जल्दी अपनी रणनीति बदल दी। उनके मुताबिक, ऐसे हालात में धैर्य बनाए रखना और बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखने के लिए लगातार अच्छी गेंदबाजी करना जरूरी था।
वरुण एरोन ने ‘जियोस्टार’ से कहा, “शाई होप और रदरफोर्ड ने शानदार खेल दिखाया। यह लगभग बैटमैन और रॉबिन जैसी साझेदारी थी।शाई होप ने एक छोर संभाले रखा और पारी को स्थिर रखा, जबकि रदरफोर्ड लगातार रन बनाते रहे। उन्होंने शानदार बल्लेबाजी की, लेकिन भारतीय गेंदबाज शुरुआती चार-पांच ओवरों के बाद सही लेंथ पर गेंदबाजी करना ही भूल गए। मुझे लगता है कि उन्होंने बहुत जल्दी घबराहट में आकर गलतियां कीं।”
शुरुआती सफलता मिलने के बाद भारतीय टीम ने लगातार एक ही लेंथ पर गेंदबाजी करने की रणनीति छोड़ दी। मयंक यादव ने पहले ही ओवर में दो विकेट लिए और कुल तीन विकेट चटकाए, जिससे भारत को मेहमान टीम पर दबाव बनाए रखने का मौका मिला। एरोन को लगा कि गेंदबाज बार-बार वेरिएशन (अलग-अलग तरह की गेंदें) आजमाने के बजाय सही लाइन-लेंथ पर गेंदबाजी जारी रखकर उस शुरुआती बढ़त का बेहतर फायदा उठा सकते थे।
पूर्व गेंदबाज ने कहा, “उन्होंने बहुत जल्दी यॉर्कर, स्लोअर बॉल, बाउंसर, वाइड बाउंसर और वाइड स्लोअर बॉल का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। मयंक यादव को तीन विकेट मिले। उनमें से दो विकेट सही लेंथ पर मिली गेंदों पर आए। अर्शदीप को भी ठीक यही करना चाहिए था, खासकर तब जब रोवमैन पॉवेल शुरुआत में बल्लेबाजr कर रहे थे और काफी असहज दिख रहे थे।”
उन्होंने आगे कहा, “अर्शदीप यॉर्कर डालने की कोशिश में उन्हें कुछ फुल टॉस गेंदें दे दीं। उन पर उन्हें कुछ बाउंड्री मिल गईं, और फिर उन्होंने अपनी पारी को आगे बढ़ाया। चूंकि मयंक यादव ने शुरुआत में ही दो विकेट ले लिए थे, इसलिए भारत को अपनी गेंदबाजी की लाइन और लेंथ पर थोड़ी देर और टिके रहना चाहिए था।”
हालांकि, वेस्टइंडीज ने 58 रन पर तीन विकेट गंवाने के बाद जबरदस्त वापसी की। होप और रदरफोर्ड ने मिलकर मैच का रुख बदल दिया। होप 45 गेंदों पर 102 रन बनाकर नाबाद रहे, जबकि रदरफोर्ड ने 37 गेंदों पर 84 रन बनाए। उनकी 120 रन की साझेदारी ने मेहमान टीम को फिर से मजबूत स्थिति में ला दिया और जीत की नींव रखी।
वेस्टइंडीज ने 18.3 ओवर में 252/4 रन बनाकर भारत के खिलाफ टी20 इंटरनेशनल में सबसे बड़े सफल चेज का रिकॉर्ड बनाया और पांच मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर कर ली। भारत ने 249/5 रन बनाए थे, जिसमें संजू सैमसन ने 41 गेंदों पर 82 रन और तिलक वर्मा ने 44 रनों का योगदान दिया था।
