कोलकाता, 23 अगस्त (आईएएनएस)। ईस्ट बंगाल एफसी ने 135वें डूरंड कप के फाइनल में अपने चिर प्रतिद्वंद्वी मोहन बागान सुपर जायंट को 4-1 से हराकर खिताब जीत लिया। इस जीत के साथ ईस्ट बंगाल ने डूरंड कप का 17वां खिताब अपने नाम किया और मोहन बागान के सर्वाधिक 17 खिताबों के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। फाइनल मैच के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी मौजूद थे।
विवेकानंद युवा भारती क्रीड़ांगन में खेले गए फाइनल मुकाबले में एडमंड लालरिंडिका शानदार हैट्रिक लगाकर ईस्ट बंगाल की जीत के नायक बने। ईस्ट बंगाल ने 22 वर्षों के लंबे इंतजार को खत्म करते हुए शानदार अंदाज में ट्रॉफी पर कब्जा जमाया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी फाइनल मुकाबला देखा और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ईस्ट बंगाल को बधाई दी।
उन्होंने लिखा, “आज कोलकाता में डूरंड कप का फाइनल मुकाबला देखा। मैं ईस्ट बंगाल क्लब को कप जीतने पर बधाई देता हूं। उनकी अटूट दृढ़ता और बेहतरीन टीमवर्क ने उन्हें जीत और गौरव दिलाया है। एडमंड लालरिंडिका की हैट्रिक और टीम के शानदार प्रदर्शन ने 22 साल के इंतजार का बेहतरीन अंत किया। फाइनल में भारतीय फुटबॉल की सच्ची भावना देखने को मिली। रेड एंड गोल्ड ब्रिगेड को बहुत-बहुत बधाई।”
मोहुन बागान ने मैच की शुरुआत में गेंद पर अधिक नियंत्रण बनाए रखा, लेकिन ईस्ट बंगाल ने मौके का शानदार फायदा उठाया। 10वें मिनट में कप्तान मोहम्मद बासिम राशिद के बेहतरीन पास पर बिपिन सिंह ने गोल कर टीम को बढ़त दिलाई। इसके दो मिनट बाद एडमंड लालरिंडिका ने बॉक्स के बाहर से शानदार शॉट लगाकर स्कोर 2-0 कर दिया।
22वें मिनट में ईस्ट बंगाल ने एक और बेहतरीन मूव तैयार किया। एडमंड ने खुद ही आक्रमण की शुरुआत की और अंत में शानदार कौशल का प्रदर्शन करते हुए गोल दागकर टीम को 3-0 की मजबूत बढ़त दिला दी।
मोहन बागान ने 33वें मिनट में मनवीर सिंह के गोल से वापसी की कोशिश की और स्कोर 3-1 हो गया। हालांकि, पहले हाफ के अंत से ठीक पहले 44वें मिनट में एडमंड लालरिंडिका ने अपना तीसरा गोल दागकर हैट्रिक पूरी की और ईस्ट बंगाल को 4-1 की बढ़त दिला दी।
दूसरे हाफ में मोहन बागान ने कई बदलाव किए और लगातार आक्रमण किया, लेकिन ईस्ट बंगाल की मजबूत रक्षा पंक्ति ने उन्हें कोई मौका नहीं दिया। अंततः ईस्ट बंगाल ने 4-1 से यादगार जीत दर्ज कर डूरंड कप 2026 का खिताब अपने नाम कर लिया।
व्यक्तिगत पुरस्कारों में मोहन बागान के गोलकीपर विशाल कैथ को गोल्डन ग्लव, नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी के अलाउद्दीन अजराई को गोल्डन बूट और ईस्ट बंगाल के एडमंड लालरिंडिका को गोल्डन बॉल पुरस्कार दिया गया। सभी विजेताओं को तीन-तीन लाख रुपए का चेक प्रदान किया गया, जबकि गोल्डन बॉल विजेता एडमंड लालरिंडिका को एक एसयूवी की चाबी भी सौंपी गई।

