हादी हत्या केस: हत्यारों को बांग्लादेश से बंगाल लाने वाला एजेंट एसटीएफ के हत्थे चढ़ा

0
7

कोलकाता, 14 मार्च (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल पुलिस की एसटीएफ ने शनिवार को एक ऐसे एजेंट को गिरफ्तार किया, जिसने कथित तौर पर बांग्लादेशी कट्टरपंथी मंच ‘इंकलाब मंचो’ के प्रवक्ता शरीफ उस्मान हादी के दो हत्यारों को हत्या के बाद बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल भागने में मदद की थी।

पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार एजेंट की पहचान फिलिप संगमा के रूप में हुई है। एसटीएफ ने उसे नदिया जिले के शांतिपुर बाईपास इलाके से दबोचा।

अधिकारियों के मुताबिक 8 मार्च को एसटीएफ ने हादी की हत्या के मामले में आरोपी राहुल उर्फ फैसल करुम मसूद और आलमगीर हुसैन को भी गिरफ्तार किया था।

ये दोनों आरोपी पिछले साल दिसंबर में हत्या की वारदात के बाद बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल भाग आए थे। उन्हें नदिया जिले के बोंगांव उपमंडल में भारत-बांग्लादेश सीमा के पास स्थित एक गांव से पकड़ा गया था।

पूछताछ के दौरान राहुल और आलमगीर ने जांच अधिकारियों को बताया कि फिलिप संगमा ने भारी रकम के बदले उन्हें अवैध तरीके से सीमा पार कराने और बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल आने में मदद की थी।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर एसटीएफ की टीम ने शनिवार को नदिया जिले के शांतिपुर बाईपास इलाके में छापेमारी कर संगमा को गिरफ्तार किया।

पुलिस ने कहा, “पूछताछ के दौरान संगमा ने स्वीकार किया है कि वह पैसे के बदले लोगों को बांग्लादेश के हलुरघाट सीमा क्षेत्र और मेघालय के दलूपारा सीमा से अवैध रूप से सीमा पार कराने में मदद करता था। इसी नेटवर्क के जरिए उसने हादी के दोनों हत्यारों को भी बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल में प्रवेश कराया।”

गिरफ्तारी के बाद शनिवार को संगमा को जिला अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस हिरासत में भेज दिया गया।

गौरतलब है कि शरीफ उस्मान हादी को पिछले साल दिसंबर में ढाका में गोली मार दी गई थी। बाद में इलाज के लिए उन्हें सिंगापुर ले जाया गया जहां एक अस्पताल में उनकी मौत हो गई।

हादी की मौत के बाद बांग्लादेश में व्यापक अशांति फैल गई थी। ढाका मेट्रोपॉलिटन डिटेक्टिव ब्रांच (डीबी) द्वारा हत्या के मामले में दाखिल आरोपपत्र में फैसल और आलमगीर को मुख्य आरोपी बताया गया है।