ईटानगर, 24 जून (आईएएनएस)। अरुणाचल प्रदेश के गवर्नर लेफ्टिनेंट जनरल के.टी. परनाइक (रिटायर्ड) ने बुधवार को राज्य के गृह मंत्री मामा नटुंग के साथ राज्य में कानून-व्यवस्था की मौजूदा स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। इस दौरान नॉर्थ ईस्टर्न रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी (नेरिस्ट) में हाल की घटनाओं पर खास तौर पर ध्यान दिया गया।
राजभवन के एक अधिकारी ने बताया कि गृह मंत्री ने राजभवन में राज्यपाल से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं ने अरुणाचल प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा की और ईटानगर के पास निर्जुली में स्थित (नेरिस्ट) में हाल ही में हुई घटना पर विस्तार से चर्चा की।
इस दुर्भाग्यपूर्ण घटनाक्रम पर गहरी चिंता जताते हुए राज्यपाल ने कहा कि नेरिस्ट पूर्वोत्तर क्षेत्र के प्रमुख तकनीकी और उच्च शिक्षण संस्थानों में से एक है। यहां हुई घटना ने संस्थान के कामकाज और माहौल को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि शिक्षण संस्थान सुरक्षित और सीखने के लिए अनुकूल होने चाहिए। साथ ही, उन्होंने राज्य भर के शिक्षण संस्थानों की पवित्रता, गरिमा और प्रतिष्ठा की रक्षा करने में सभी संबंधित पक्षों की जिम्मेदारी को रेखांकित किया।
घटनाक्रम पर दुख जताते हुए, लेफ्टिनेंट जनरल परनाइक ने नेरिस्ट के निदेशक को कुछ समूहों द्वारा धमकाने, डराने-धमकाने और ज़बरदस्ती करने के आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग की।
उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाएं युवाओं के सामने गलत उदाहरण पेश करती हैं और कानून के अनुसार इनसे उचित तरीके से निपटा जाना चाहिए।
संस्थान के बेहतर कामकाज और प्रशासन के महत्व पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षण संस्थानों का प्रबंधन और प्रशासन योग्यता, ईमानदारी, गरिमा, अनुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही के सिद्धांतों पर आधारित होना चाहिए।
उन्होंने आगे कहा कि ऐसी किसी भी हरकत से सख्ती से और कानून के अनुसार निपटा जाना चाहिए जो शिक्षण संस्थानों के कामकाज, विश्वसनीयता या सद्भाव को नुकसान पहुंचाती हो, ताकि राज्य के शैक्षिक तंत्र में जनता का भरोसा बना रहे।
गृह मंत्री ने राज्यपाल को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार इस मामले को बहुत गंभीरता से ले रही है और घटना की पूरी जांच कराएगी। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।

