विशाखापत्तनम, 24 सितंबर (आईएएनएस)। बंगाल की खाड़ी में बना गहरा दबाव (डीप डिप्रेशन) गुरुवार तड़के कलिंगपट्टनम और पोलाकी के बीच तट से टकराया है, जिसकी वजह से उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हुई है।
आंध्र प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एपीएसडीएमए) के अधिकारियों की ओर से जानकारी दी गई कि बुधवार देर रात शुरू हुआ लैंडफॉल दो घंटे तक चला। श्रीकाकुलम, विजयनगरम, विशाखापत्तनम और अनाकापल्ली जिलों में भारी बारिश हुई, जिससे निचले इलाकों में पानी भर गया और सड़क यातायात बाधित हुआ।
यह डीप डिप्रेशन रात 11 बजे से 1 बजे के बीच कलिंगपट्टनम के दक्षिण-पश्चिम के पास तट से टकराया। इस दौरान हवा की अधिकतम गति 55-65 किमी प्रति घंटा थी, जो झोंकों के साथ 75 किमी प्रति घंटा तक पहुंच रही थी।
पिछले छह घंटों में यह डीप डिप्रेशन 3 किमी प्रति घंटा की गति से आगे बढ़ा और उम्मीद है कि अगले 12 घंटों तक यह ‘सीवियर डिप्रेशन’ (गंभीर दबाव) के रूप में बना रहेगा। एपीएसडीएमए ने गुरुवार सुबह बताया कि इसके बाद के 24 घंटों में इसके धीरे-धीरे कमजोर होने की संभावना है।
एपीएसडीएमए के एमडी प्रखर जैन की ओर से लोगों से लैंडफॉल के बाद 48 घंटों तक सतर्क रहने को कहा गया है। उन्होंने ने कहा कि निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) के खतरे को लेकर सतर्क रहना चाहिए और मौके पर मौजूद अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहना चाहिए।
गुरुवार को श्रीकाकुलम, विजयनगरम, मन्यम और अल्लूरी सीताराम राजू जिलों के कुछ इलाकों में भारी बारिश की संभावना है। पोलावरम, विशाखापत्तनम, अनाकापल्ली और काकीनाडा जिलों के कुछ इलाकों में भी भारी बारिश हो सकती है। पिछले 24 घंटों में बहुत भारी बारिश दर्ज की गई। 80 जगहों पर 100 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई।
इस बीच, अधिकारियों ने नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (एनडीआरएफ) और स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (एसडीआरएफ) की टीमें तैनात कर दी हैं। बचाव और राहत कार्यों के लिए श्रीकाकुलम, अल्लूरी सीताराम राजू, विशाखापत्तनम और अनाकापल्ली जिलों में एसडीआरएफ की पांच और एनडीआरएफ की चार टीमें तैनात की गईं।
अधिकारियों ने श्रीकाकुलम, विजयनगरम, पार्वतीपुरम मन्यम, विशाखापत्तनम, पूर्वी गोदावरी, पश्चिमी गोदावरी और एलुरु जिलों में शिक्षण संस्थानों के लिए छुट्टी की भी घोषणा की है। डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी के कंट्रोल रूम के टोल-फ्री नंबर 112 और 1070 हैं। राज्य कंट्रोल रूम के लिए टोल-फ्री नंबर 18004250101 है।
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने हालात का जायजा लेने के लिए जिला कलेक्टरों के साथ टेलीकॉन्फ्रेंस की। उन्होंने बारिश से प्रभावित जिलों के कलेक्टरों को निर्देश दिया कि जब तक बारिश कम न हो जाए, वे सतर्क रहें। उन्होंने कहा कि जान-माल का नुकसान न हो, इसके लिए एहतियाती कदम उठाए जाने चाहिए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि वे जलाशयों और नदियों में पानी के बहाव का आकलन करें और जमीनी स्तर पर समय रहते निर्देश भी जारी करें। उन्होंने कहा कि जिला कलेक्टरों को गुरुवार और शुक्रवार को सतर्क रहना चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रभावित इलाकों में लोगों को पानी, भोजन, दवा और बिजली की बिना रुकावट सप्लाई सुनिश्चित की जाए। अधिकारियों ने उन्हें बताया कि समुद्र में गए मछुआरों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए गए हैं।
