कोलकाता, 1 अक्टूबर (आईएएनएस)। तृणमूल कांग्रेस के पूर्व विधायक और जिला अध्यक्ष अजीत मैती के बहनोई गोविंद कर और तीन अन्य लोगों को नौकरी दिलाने के झूठे वादे से जुड़े कथित वित्तीय धोखाधड़ी के मामले में गिरफ्तार किया गया है।
पूर्व विधायक पहले से ही इसी मामले में पुलिस हिरासत में हैं।
उनके बहनोई के साथ पुलिस ने उनके ड्राइवर अमल भुइयां और एक सहयोगी प्रणब मंडल उर्फ साहब को भी गिरफ्तार किया है।
गुरुवार को खड़गपुर स्थानीय पुलिस स्टेशन की पुलिस ने गोविंद कर को मदपुर स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया।
जांचकर्ताओं ने बताया कि तलाशी के दौरान नकदी और कई सोने के आभूषण बरामद हुए।
इस बीच, पुलिस ने बुधवार सुबह अजीत मैती के पैतृक गांव फुलगेरिया निवासी प्रणब मंडल के आवास पर भी छापा मारा।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और एक लैपटॉप जब्त किया।
पुलिस के मुताबिक, अजीत मैती ने एकीकृत बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) में नौकरी दिलाने के वादे पर एक व्यक्ति से 5 लाख रुपए लिए थे।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 2025 में अपनी पत्नी की नौकरी के लिए रकम देने के बावजूद उसे नौकरी नहीं मिली।
उसने आगे दावा किया कि जब उसने पैसे वापस मांगे तो उसे धमकी दी गई।
इसके बाद, 26 सितंबर को उसने खड़गपुर स्थानीय पुलिस स्टेशन में लिखित शिकायत दर्ज कराई।
हालांकि अजीत मैती को पिंगला में एक पुराने मामले में जमानत मिल गई थी, लेकिन खड़गपुर में दर्ज नए मामले के सिलसिले में वह मंगलवार से चार दिनों से पुलिस हिरासत में है।
गिरफ्तार गोविंद कर, अमल भुइयां और प्रणब मंडल को गुरुवार को मिदनापुर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) न्यायालय में पेश किया गया।
सरकारी वकील सैयद नाजिम हबीब ने बताया कि अदालत ने कथित नौकरी धोखाधड़ी और पैसे वापस न करने से संबंधित धाराओं के तहत दर्ज मामले में तीनों आरोपियों को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है।
बचाव पक्ष के वकील मृणाल चौधरी ने बताया कि अजीत मैती 3 अक्टूबर को फिर से अदालत में पेश होंगे।
अदालत के आदेशानुसार, तीनों आरोपी तब तक पुलिस हिरासत में रहेंगे।
