चेन्नई, 25 मई (आईएएनएस)। तमिलनाडु सचिवालय फोर्ट सेंट जॉर्ज में मंत्रियों के कार्यालयों के बाहर पुलिस सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि नई सरकार के गठन के बाद मंत्रियों से मिलने आने वाले लोगों की संख्या में अचानक बढ़ोतरी हुई है, जिसके चलते अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
मंत्रियों द्वारा कार्यभार संभालने के बाद सचिवालय में सुबह से देर शाम तक लोगों की भारी भीड़ देखी जा रही है। इसे देखते हुए प्रशासन ने परिसर के भीतर भीड़ नियंत्रण और आवाजाही को व्यवस्थित करने के लिए अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती की है।
अधिकारियों के मुताबिक, सुरक्षा व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य सचिवालय में कामकाज को सुचारु बनाए रखना है, ताकि मंत्री प्रशासनिक जिम्मेदारियों, विभागीय समीक्षा बैठकों और जनता से मुलाकातों को बिना बाधा के पूरा कर सकें।
पिछले कुछ दिनों में मंत्रियों के कक्षों के बाहर लंबी कतारें देखने को मिली हैं। इनमें पार्टी पदाधिकारी, सरकारी अधिकारी, समर्थक, शुभचिंतक और आम लोग शामिल हैं, जो विभिन्न कार्यों और मुलाकातों के लिए पहुंच रहे हैं।
बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें और मांगपत्र सौंपने, क्षेत्रीय और नागरिक समस्याओं के समाधान की मांग करने के लिए भी सचिवालय पहुंच रहे हैं। वहीं, कई नए मंत्रियों को बधाई देने के लिए समर्थकों और पार्टी कार्यकर्ताओं की भी भारी भीड़ उमड़ रही है।
स्थानीय विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा और शिष्टाचार मुलाकातों के कारण सचिवालय परिसर में भीड़ और बढ़ गई है।
पुलिसकर्मियों को मंत्रियों के कार्यालयों के बाहर तैनात किया गया है, ताकि आगंतुकों की एंट्री को व्यवस्थित किया जा सके, कतारों को नियंत्रित किया जा सके और प्रशासनिक गलियारों में भीड़भाड़ रोकी जा सके।
अधिकारियों ने कहा कि सचिवालय के भीतर आवाजाही को बाधारहित बनाए रखने और नियमित सरकारी कामकाज प्रभावित न हो, इस पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
सचिवालय सूत्रों के अनुसार, हाल के दिनों में मंत्रियों द्वारा विभागीय समीक्षा बैठकों और जनसंपर्क गतिविधियों की शुरुआत के कारण आगंतुकों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है।
एक अधिकारी ने कहा, “अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती मुख्य रूप से भीड़ प्रबंधन और प्रशासनिक सुविधा के लिए की गई है। लगभग हर मंत्री के कार्यालय के बाहर लगातार लोगों की आवाजाही बनी हुई है।”
प्रशासन ने सचिवालय के कुछ हिस्सों में कतार प्रबंधन की विशेष व्यवस्था भी लागू की है, ताकि अव्यवस्था कम हो और लोगों की आवाजाही बेहतर तरीके से संचालित हो सके।
अधिकारियों ने बताया कि नई सरकार बनने के शुरुआती दिनों और राजनीतिक बदलाव के दौरान सुरक्षा बढ़ाना सामान्य प्रक्रिया है, लेकिन इस बार मंत्रियों के कार्यालयों में असाधारण भीड़ को देखते हुए अतिरिक्त इंतजाम करने पड़े हैं।

