बेंगलुरु, 5 नवंबर (आईएएनएस)। कर्नाटक सरकार ने राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ता (डीए) 15.75 प्रतिशत से बढ़ाकर 18 प्रतिशत कर दिया है। यह बढ़ोतरी 1 जुलाई, 2026 से प्रभावी मानी जाएगी।
उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर ने गुरुवार को फैसले की घोषणा करते हुए बताया कि सरकार ने 2024 के संशोधित वेतनमान के तहत वेतन पाने वाले कर्मचारियों के लिए डीए बढ़ाने का आदेश जारी कर दिया है। अब डीए की गणना मूल वेतन के 18 प्रतिशत के आधार पर की जाएगी, जो पहले 15.75 प्रतिशत थी।
यह बढ़ोतरी लागू नियमों के अनुसार, राज्य सरकार के सेवानिवृत्त कर्मचारियों और पारिवारिक पेंशनभोगियों पर भी लागू होगी।
परमेश्वर ने कहा कि सरकारी कर्मचारी प्रशासन की रीढ़ हैं। कर्नाटक की जनता के लिए सरकारी नीतियों और कार्यक्रमों को लागू करने में उनकी लगन, पेशेवर रवैये और प्रतिबद्धता की अहम भूमिका रही है। उन्होंने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के योगदान को भी सराहा, जिन्होंने अपने जीवन के कई दशक जनसेवा और राज्य के विकास में समर्पित कर दिए।
उन्होंने कहा कि ऐसे समय में जब जीवन-यापन की लागत बढ़ रही है, यह सरकार की जिम्मेदारी है कि वह सेवारत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति और सम्मान की रक्षा करे। डीए में यह बढ़ोतरी उनके योगदान को मान्यता देने के साथ-साथ कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और उनके परिवारों का समर्थन करने के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
परमेश्वर ने कहा कि सरकार कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के हितों की रक्षा करने के लिए प्रतिबद्ध है। साथ ही, यह सुनिश्चित करने के लिए भी संकल्पित है कि जनसेवा में उनके योगदान को उचित सम्मान और मान्यता मिले।
कर्नाटक सरकार ने गुरुवार को दीपावली के मौके पर किसानों को सूखा राहत की पहली किस्त जारी की। साथ ही यह भी घोषणा की कि अगले कुछ दिनों में 2,500 रुपए की एक और किस्त जारी की जाएगी, जिससे प्रति किसान कुल सहायता राशि 5,000 रुपए हो जाएगी।
मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और उपमुख्यमंत्री तथा राजस्व मंत्री जी. परमेश्वर ने बेंगलुरु के विधानसौधा में पहली किस्त जारी करने की प्रक्रिया की शुरुआत की। सरकार ने इनपुट सब्सिडी के पहले चरण के लिए 1,260 करोड़ रुपए जारी किए हैं। यह राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के जरिए सीधे पात्र किसानों के खातों में भेजी जाएगी।
मुख्यमंत्री शिवकुमार ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि सरकार ने दो एकड़ तक की जमीन के लिए प्रति एकड़ 2,500 रुपए देने का फैसला किया है। इस तरह एक किसान को अधिकतम 5,000 रुपए की सहायता मिलेगी। उन्होंने कहा कि पहली किस्त के रूप में 2,500 रुपए जारी किए जा रहे हैं, और बाकी के 2,500 रुपए आने वाले दिनों में दिए जाएंगे।
शिवकुमार ने कहा, “आज, उपमुख्यमंत्री और मैं 2,500 रुपए की पहली किस्त जारी करने के लिए बटन दबा रहे हैं। अगले 15 दिनों में हम फंड का इंतजाम कर लेंगे और बाकी के 2,500 रुपए भी दे देंगे। हमने यह फैसला लिया है।”
उन्होंने कहा कि हो सकता है कि इस सहायता से किसानों की जिंदगी पूरी तरह न बदल जाए, लेकिन सरकार का मकसद इस संकट के समय उनके साथ खड़े रहना है, खासकर तब जब दिवाली का त्योहार भी करीब आ रहा है।
