Wednesday, June 10, 2026
SGSU Advertisement
Home राष्ट्रीय नवीकरणीय ऊर्जा और ग्रिड आधुनिकीकरण भारत-अफ्रीका सहयोग के प्रमुख क्षेत्रों में शामिल:...

नवीकरणीय ऊर्जा और ग्रिड आधुनिकीकरण भारत-अफ्रीका सहयोग के प्रमुख क्षेत्रों में शामिल: मनोहर लाल

0
24

नई दिल्ली, 21 मार्च (आईएएनएस)। केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल ने शनिवार को कहा कि भारत और अफ्रीका, जो दुनिया की करीब एक-तिहाई आबादी का प्रतिनिधित्व करते हैं, समावेशी, न्यायसंगत और भविष्य के लिए तैयार विकास के समान लक्ष्य रखते हैं। उन्होंने बताया कि नवीकरणीय ऊर्जा, ग्रिड आधुनिकीकरण, ऊर्जा भंडारण और संस्थागत क्षमता निर्माण भारत-अफ्रीका सहयोग के प्रमुख क्षेत्र हैं।

भारत इलेक्ट्रिक समिट 2026 के तीसरे दिन ‘भारत-अफ्रीका स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप मीट’ में बोलते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बिजली आर्थिक विकास को गति देने, सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित करने और नए अवसर खोलने के लिए बेहद जरूरी है। उन्होंने ‘वन सन, वन वर्ल्ड, वन ग्रिड’ की अवधारणा को वैश्विक ऊर्जा कनेक्टिविटी के लिए एक बड़ा कदम बताया।

उन्होंने कहा कि दोनों क्षेत्र विश्वसनीय, सस्ती और टिकाऊ ऊर्जा हासिल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मंत्री ने अफ्रीका50 और पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया के बीच सहयोग, खासकर केन्या ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट का उदाहरण देते हुए कहा कि इससे मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार हो रहा है।

इंटरनेशनल सोलर एलायंस जैसी पहलों का जिक्र करते हुए उन्होंने अफ्रीका के साथ सहयोग और मजबूत करने की भारत की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि यह साझेदारी सिर्फ लेन-देन तक सीमित नहीं है, बल्कि बदलाव लाने वाली है और साझा विकास पर आधारित है।

बैठक में यह भी तय हुआ कि भारत और अफ्रीका नवीकरणीय ऊर्जा विस्तार, जुड़े हुए ग्रिड सिस्टम, ऊर्जा स्टोरेज तकनीक और क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में मिलकर काम करेंगे।

वहीं, केंद्रीय राज्य मंत्री श्रीपाद येसो नाइक ने कहा कि भारत-अफ्रीका साझेदारी को अब केवल विचार से आगे बढ़ाकर जमीन पर लागू करने की जरूरत है। उन्होंने सभी के लिए सस्ती और टिकाऊ ऊर्जा सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

इसके अलावा, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य में टिकाऊ विकास और बेहतर जल प्रबंधन को प्रगति का अहम आधार बताया।

इस मौके पर अफ्रीका50 के सीईओ एलेन एबोबिन ने कहा कि अफ्रीका को मदद नहीं, बल्कि निवेश की जरूरत है, जिससे बेहतर परिणाम और विकास हासिल किया जा सके।

उन्होंने बताया कि अफ्रीका अब निवेश योग्य परियोजनाओं, ट्रांसमिशन विस्तार और निजी निवेश बढ़ाने पर ध्यान दे रहा है।