Wednesday, June 24, 2026
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वियतनाम ने भारत को बताया भरोसेमंद और पुराना मित्र, रिश्तों को और मजबूत करने पर जोर

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हनोई, 24 जून (आईएएनएस)। वियतनाम की नेशनल असेंबली (एनए) के अध्यक्ष ट्रान थान मैन ने कहा कि वियतनाम भारत के साथ अपने संबंधों को बहुत महत्व देता है और उन्हें अपनी प्राथमिकताओं में सबसे ऊपर रखता है। उन्होंने भारत को ‘वफादार, भरोसेमंद और लंबे समय से चला आ रहा मित्र’ बताया और कहा कि दोनों देशों के बीच गहरे ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंध हैं।

वियतनाम पिक्टोरियल की जानकारी के अनुसार, ट्रान थान मैन ने ये बातें मंगलवार को हनोई में वियतनाम में भारत के राजदूत शेरिंग वांगचुक शेरपा से मुलाकात के दौरान कहीं। इस बैठक में मान ने भारत-वियतनाम संबंधों को मजबूत बनाने में राजदूत शेरपा के प्रयासों की सराहना की। खास तौर पर उन्होंने वियतनाम के राष्ट्रपति टो लाम की हाल की भारत यात्रा के दौरान किए गए समन्वय और व्यवस्थाओं में उनकी सक्रिय भूमिका की तारीफ की।

ट्रान थान मैन ने भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को अपनी शुभकामनाएं भेजीं और कहा कि वह निकट भविष्य में भारतीय संसदीय नेताओं का वियतनाम में स्वागत करना चाहते हैं।

उन्होंने खुशी जताई कि पिछले कुछ वर्षों में भारत-वियतनाम संबंधों में काफी प्रगति हुई है। खासकर राष्ट्रपति टो लाम की भारत यात्रा के बाद दोनों देशों के रिश्ते और मजबूत हुए हैं तथा उन्हें इन्हांस्ड कॉम्प्रिहेंसिव स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप के स्तर तक पहुंचाया गया है।

ट्रान थान मैन ने कहा कि वियतनाम की नेशनल असेंबली भारत की संसद के साथ मिलकर दोनों देशों के नेताओं के बीच हुए समझौतों और साझा समझ को लागू करने के लिए काम करेगी। उन्होंने रक्षा और सुरक्षा, शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कृति और लोगों के बीच आपसी संपर्क जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की भी बात कही।

बैठक के दौरान शेरिंग वांगचुक शेरपा ने ओम बिरला की ओर से ट्रान थान मैन को भारत आने का निमंत्रण सौंपा। उन्होंने कहा कि वियतनाम की नेशनल असेंबली और भारत की संसद के बीच करीबी संबंध दोनों देशों के लोगों के मजबूत जुड़ाव को दर्शाते हैं।

वियतनाम में भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पर लिखा, “लोग किसी भी साझेदारी का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा होते हैं। वियतनाम की नेशनल असेंबली और भारत की संसद के बीच करीबी संबंध दोनों देशों के लोगों के बीच गहरे जुड़ाव को दिखाते हैं। राजदूत शेरिंग डब्ल्यू शेरपा ने आज नेशनल असेंबली के अध्यक्ष ट्रान थान मान से मुलाकात की।”

पोस्ट में आगे कहा गया, “राजदूत ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की ओर से ट्रान थान मान को भारत आने का निमंत्रण सौंपा। भारत सरकार इस यात्रा को बहुत महत्व देती है और दोनों संसदों के बीच संबंधों को और मजबूत बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।”

भारत और वियतनाम के बीच लंबे समय से घनिष्ठ और मैत्रीपूर्ण संबंध रहे हैं। दोनों देशों के रिश्तों को उन्नत व्यापक रणनीतिक साझेदारी (ईसीएसपी) का दर्जा दिया गया है। राष्ट्रपति टो लाम की मई में भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के संबंधों को इस स्तर तक और मजबूत किया गया था।