कोलकाता/लखनऊ/पटना, 7 जून (आईएएनएस)। इंडिया ब्लॉक की होने वाली बैठक और इसके राजनीतिक प्रभावों को लेकर देशभर में बयानबाजी तेज हो गई है। इंडिया गठबंधन की दिल्ली में होने वाली बैठक को लेकर भाजपा नेताओं ने तंज कसा है और कहा है कि ये गठबंधन सिर्फ कुछ स्वार्थी लोगों का है।
पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने ममता बनर्जी के दिल्ली जाने को लेकर कहा कि हमें इस बात से कोई लेना-देना नहीं है कि कोई नेता कहां जा रहा है। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा, ‘अगर कोई दिल्ली, अंटार्कटिका या मंगल ग्रह भी जाता है, तो हमें क्या लेना-देना? वे लुधियाना या अमृतसर भी जा सकती हैं।”
उन्होंने कहा कि भाजपा का फोकस पश्चिम बंगाल के विकास पर है। राज्य और केंद्र में हमारी सरकार है और हमारा लक्ष्य राज्य में निवेश लाना, आर्थिक स्थिति सुधारना और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाना है। टीएमसी की आंतरिक राजनीति से हमें कोई मतलब नहीं है।”
इसी बीच उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने इंडिया गठबंधन पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस, सपा और टीएमसी सहित इस गठबंधन का भविष्य अंधकारमय है। उन्होंने कहा कि यह गठबंधन जनहित के लिए नहीं बल्कि अपने राजनीतिक हितों के लिए काम कर रहा है। उन्होंने कहा, “इंडिया गठबंधन चाहे जितनी बैठकें कर ले, उनकी हार तय है। वे केवल पीएम मोदी और भाजपा का विरोध करने के लिए एकजुट होते हैं। उन्हें 2047 तक इंतजार करना चाहिए।” मौर्य ने कहा कि देश के विकसित होने तक विपक्ष को ‘वनवास’ पर जाना चाहिए, क्योंकि उनके पास अपराध और भ्रष्टाचार से जुड़े लोग शामिल हैं।
वहीं, बिहार के पूर्व मंत्री और मौजूदा विधायक मंगल पांडे ने भी इंडिया गठबंधन की आलोचना की। उन्होंने कहा कि यह गठबंधन कभी स्थिर या एकजुट नहीं रहा है और यह केवल स्वार्थ आधारित राजनीति करने वालों का समूह है। उन्होंने कहा कि यह गठबंधन देश के विकास या राष्ट्रीय हित के लिए नहीं बल्कि परिवार-आधारित राजनीति के लिए बनाया गया है। उन्होंने दावा किया कि इसी कारण कई दल इस गठबंधन से दूरी बना रहे हैं।
इंडिया ब्लॉक की बैठकों के बीच लगातार हो रहे इन राजनीतिक हमलों से देश की सियासत में गर्माहट बढ़ गई है।

