गिरिडीह, 21 फरवरी (आईएएनएस)। झारखंड के गिरिडीह जिला परिषद के पूर्व अध्यक्ष राकेश महतो का अधजला शव शनिवार को निमियाघाट थाना क्षेत्र के खांखी जंगल से बरामद किया गया है। पुलिस के अनुसार, घटनास्थल की परिस्थितियां बता रही हैं कि उनकी हत्या की गई और उनकी पहचान छिपाने के लिए शव को पेड़ों के पत्तों से जलाने का प्रयास किया गया।
इसकी खबर फैलते ही पूरे जिले में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही डुमरी एसडीपीओ सुमित कुमार के नेतृत्व में निमियाघाट और डुमरी थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
आसपास के इलाके की घेराबंदी कर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में हत्या की पुष्टि हुई है। फिलहाल हत्या के कारणों का अब तक खुलासा नहीं हो सका है। राकेश महतो डुमरी क्षेत्र के प्रभावशाली और लोकप्रिय राजनीतिक व्यक्तित्व माने जाते थे। वे वर्ष 2016 में जिला परिषद चुनाव जीतने के बाद गिरिडीह जिला परिषद के अध्यक्ष बने थे। उनकी हत्या की खबर से इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है।
परिजन और स्थानीय ग्रामीणों ने डुमरी-फुसरो रोड के घुटवाली इलाके में सड़क जाम कर दिया है। वे हत्याकांड का खुलासा कर दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। झारखंड मुक्ति मोर्चा के जिलाध्यक्ष संजय सिंह ने घटना पर गहरी नाराजगी जताते हुए पुलिस से त्वरित कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि राकेश महतो पार्टी के सक्रिय नेता थे और क्षेत्र में उनकी व्यापक पहचान थी।
इधर, गिरिडीह एसपी डॉ. बिमल कुमार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीपीओ डुमरी को तत्काल जांच कर आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। एसडीपीओ सुमित कुमार ने बताया कि खांखी जंगल से राकेश महतो का शव बरामद हुआ है और पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है।
–आईएएनएस
एसएनसी/एएस

