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टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा पर अंडे फेंके जाने पर दिलीप घोष बोले, यह चलन बंद होना चाहिए

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मेदिनीपुर, 17 सितंबर (आईएएनएस)। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद महुआ मोइत्रा पर अंडे फेंके जाने की घटना को लेकर पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री दिलीप घोष ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि नेताओं पर अंडे फेंकने की घटनाओं का चलन बंद होना चाहिए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 76वें जन्मदिन पर दिलीप घोष ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। उन्होंने कहा कि देशभर में प्रधानमंत्री का जन्मदिन मनाया जाएगा और कई जगहों पर घरों तथा सार्वजनिक स्थानों पर दीप जलाए जाएंगे।

उन्होंने एक महीने तक चलने वाले ‘सेवा संकल्प अभियान’ का भी जिक्र किया। यह अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलाया जा रहा है और प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर से भी जोड़ा गया है। अभियान के तहत सेवा, जनसंपर्क, रक्तदान, स्वास्थ्य शिविर, स्वच्छता और अन्य गतिविधियों की योजना बनाई गई है।

दिलीप घोष ने कहा कि अभियान के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा से जुड़ी उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री दिलीप घोष ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि घटना के पीछे लोगों का गुस्सा हो सकता है और चुनाव के बाद वह गुस्सा सामने आया। हालांकि उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेता जानबूझकर ऐसी घटनाओं को बढ़ावा देते हैं।

उन्होंने कहा, “हमने कहा, आमलेट खाओ, कच्चा क्यों खा रहे हो?” उन्होंने मजाकिया अंदाज में यह भी कहा कि इसी वजह से बंगाल में अंडों की कीमत दोगुनी हो गई है।

नंदीग्राम विधानसभा उपचुनाव को लेकर दिलीप घोष ने कहा कि इस क्षेत्र के मतदाताओं ने पहले भी सुवेंदु अधिकारी को समर्थन दिया है और उनका नंदीग्राम से विशेष संबंध है। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भी नंदीग्राम से चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था और इसी वजह से भाजपा इस क्षेत्र को अपना गढ़ मानती है।

उन्होंने उपचुनाव के लिए भाजपा की ओर से एक शहीद की मां को उम्मीदवार बनाए जाने का भी उल्लेख किया। घोष ने कहा कि उम्मीदवार स्थानीय निवासी हैं और उन्हें टिकट देना लोगों की भावनाओं से जुड़ा फैसला है। उन्होंने कहा कि सभी राजनीतिक दलों ने अपनी पसंद के उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं।

खड़गपुर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) बुसरा बानो के तबादले को लेकर भी दिलीप घोष ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि तबादले के पीछे कुछ प्रशासनिक मुद्दे और अन्य शिकायतें थीं तथा इन्हीं के आधार पर विभाग ने कार्रवाई की।