नई दिल्ली, 12 जून (आईएएनएस)। शनिवार का दिन भारतीय सेना और देश की महिलाओं के लिए ऐतिहासिक होने वाला है। यह पहला मौका होगा जब राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) के पहले महिला बैच की कैडेट्स पास आउट होकर अधिकारी बनेंगी। देहरादून के इंडियन मिलिटरी अकादमी (आईएमए) की पासिंग आउट परेड में 9 महिला कैडेट भारतीय थलसेना में अधिकारी के तौर पर शामिल होंगी, जबकि हैदराबाद के डुंडीगल एयर फोर्स अकादमी से 5 महिला कैडेट भारतीय वायुसेना में अधिकारी के तौर पर कमीशन होंगी।
इससे पहले एनडीए के दरवाजे महिलाओं के लिए बंद थे। जून 2022 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महिलाओं की एनडीए में एंट्री शुरू हुई। आईएमए की पासिंग आउट परेड की समीक्षा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु करेंगी, तो डुंडीगल एयर फोर्स अकादमी में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मौजूद रहेंगे।
आईएमए से इस बार कुल 515 कैडेट पास आउट होंगे, जिनमें 16 देशों के 34 विदेशी कैडेट भी शामिल हैं। इनमें एनडीए के पहले महिला बैच की 9 महिला कैडेट्स भी हैं।
वहीं, भारतीय वायुसेना के 217वें कोर्स के फ्लाइंग और ग्राउंड ड्यूटी ब्रांच के कुल 231 फ्लाइट कैडेट प्री-कमीशनिंग ट्रेनिंग पूरा कर रहे हैं। इनमें 194 पुरुष और 37 महिला कैडेट शामिल हैं। इन 37 महिला कैडेट्स में से 5 एनडीए के पहले महिला बैच की हैं।
कंबाइंड ग्रेजुएशन परेड का समापन भी बेहद आकर्षक रहेगा। वायुसेना के सुखोई लड़ाकू विमान, सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम और सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम के प्रदर्शन समारोह के प्रमुख आकर्षण होंगे। सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम के प्रदर्शन की एक खास बात यह होगी कि खुद वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह 9 एयरक्राफ्ट विमानों वाली इस टीम के एक एयरक्राफ्ट को उड़ाते नजर आएंगे।
इससे पहले, पिछले महीने भारतीय वायुसेना की ‘एंबेसडर’ कही जाने वाली 52 शार्क्स स्क्वाड्रन यानी सूर्यकिरण के 30वें स्थापना दिवस के अवसर पर भी एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने हॉक एमके-132 विमान उड़ाया था।

