नई दिल्ली, 28 जुलाई (आईएएनएस)। पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने बिहार सरकार के उस फैसले का स्वागत किया है जिसमें विरोध कर रहे छात्रों के खिलाफ कोई कार्रवाई न करने का निर्णय लिया गया है। हालांकि उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों और उनके परिवारों के साथ पुलिस ने जिस तरह की कार्रवाई की, वह बेहद गंभीर है। पप्पू यादव ने मांग की कि सरकार पहले छात्रों से माफी मांगे और कार्रवाई में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए।
दिल्ली में आईएएनएस से बातचीत करते हुए पप्पू यादव ने कहा कि बिहार सरकार की पुलिस ने बच्चों और उनके परिवारों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर अत्यधिक बल प्रयोग किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि छात्रों पर ऐसी कार्रवाई क्यों की गई और इसके लिए जिम्मेदार लोगों पर क्या कार्रवाई होगी।
पप्पू यादव ने विशेष बलों की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि जिस तरह से पुलिस और एसटीएफ ने प्रदर्शनकारियों के साथ व्यवहार किया, उसकी जांच होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ पुलिसकर्मियों ने सिविल ड्रेस में भी छात्रों पर कार्रवाई की। उन्होंने मांग की कि ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने वालों को निलंबित किया जाए।
उन्होंने कहा कि छात्रों के मुद्दों पर विपक्ष एकजुट है। छात्र संगठनों ने स्पष्ट किया है कि वे अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठेंगे और छात्रों, युवाओं तथा गरीबों के मुद्दों पर समझौता नहीं किया जाएगा।
पप्पू यादव ने कहा कि लगातार सामने आ रही पेपर लीक की घटनाएं युवाओं के भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय हैं। उन्होंने सरकार से जवाब मांगते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
बांकीपुर उपचुनाव को लेकर भी पप्पू यादव ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि उपचुनाव में जनता के मुद्दों के बजाय पैसे और प्रचार का खेल चल रहा है। जब छात्र आंदोलन कर रहे थे, तब कई नेता सक्रिय रूप से उनके साथ नहीं दिखे। जनता अब राजनीतिक दावों और वादों को समझ रही है।
पप्पू यादव ने कहा कि बांकीपुर उपचुनाव जनता के वास्तविक मुद्दों के बजाय राजनीतिक भ्रम, धनबल और प्रचार पर केंद्रित दिखाई दे रहा है।

