पटना, 28 जून (आईएएनएस)। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेशेल्स दौरे को बेहद सफल बताते हुए कहा कि वहां के लोगों ने प्रधानमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि यह भारत के लिए गर्व की बात है कि आज दुनिया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक वैश्विक नेता के रूप में देखती है। उनके अनुसार, पीएम मोदी भारत की प्रतिष्ठा और सम्मान को अंतरराष्ट्रीय मंच पर लगातार मजबूत कर रहे हैं।
शाहनवाज हुसैन ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सेशेल्स यात्रा बेहद सफल रही है। वहां के लोगों ने उन्हें बहुत प्यार-मोहब्बत दी है और पलकों पर बैठाया है। आज भारत का सौभाग्य है कि उसके पास ऐसा नेता है, जिसे दुनिया अपना नेता मानती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत का मान बढ़ाने का काम किया है। जब भी दुनिया किसी संकट का सामना करती है, तो उम्मीद भरी निगाहें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर उठती हैं।”
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की सेशेल्स यात्रा से दोनों देशों के संबंध और मजबूत होंगे तथा भारत की वैश्विक भूमिका को नई मजबूती मिलेगी।
वहीं, भरत तिवारी एनकाउंटर मामले को लेकर बिहार की राजनीति में जारी बयानबाजी पर भी शाहनवाज हुसैन ने प्रतिक्रिया दी। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा बिहार की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाने और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से इस्तीफे की मांग पर उन्होंने कहा कि बिहार में सम्राट चौधरी के नेतृत्व में अमन, शांति और भाईचारे का माहौल है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” के सिद्धांत पर काम कर रही है और न्याय के साथ विकास सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य में किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा और सरकार कानून के अनुसार काम कर रही है।
शाहनवाज हुसैन ने तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि वे लगातार अनर्गल बयानबाजी करते रहते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो “जंगलराज” के हीरो हैं, उन्हें मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर टिप्पणी करना शोभा नहीं देता। उन्होंने कहा कि बिहार में कानून का राज था, है और आगे भी बना रहेगा।
उधर, भरत तिवारी एनकाउंटर मामले पर मंत्री संजय निषाद ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “एक पक्के अपराधी और आम अपराधी में फर्क होता है। पुलिस को आत्मरक्षा में गोली चलाने का अधिकार है, लेकिन तब नहीं, जब कोई हिरासत में हो। अगर हिरासत में कुछ होता है, तो उसके लिए जिम्मेदार लोगों को सजा मिलनी चाहिए।”
उन्होंने कहा, “समाजवादी पार्टी की सरकार के समय रेल आंदोलन के दौरान मैं खुद जेल गया था। वहां मेरी मुलाकात कई अधिकारियों और कर्मचारियों से हुई। मैंने उनसे पूछा कि वे जेल में क्यों हैं। उन्होंने बताया कि उनसे गलतियां हुई थीं, जांच के दौरान वे पकड़े गए और जेल पहुंच गए। अधिकारियों को ऐसी गलतियां नहीं करनी चाहिए, क्योंकि जरूरत पड़ने पर सरकार उनके साथ खड़ी नहीं होती।”

