नई दिल्ली, 26 सितंबर (आईएएनएस)। श्रीलंका के सत्तारूढ़ गठबंधन की प्रमुख पार्टी जनता विमुक्ति पेरमुना (जेवीपी) का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 27 सितंबर से 1 अक्टूबर तक भारत के दौरे पर रहेगा। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के निमंत्रण पर प्रतिनिधिमंडल भारत आ रहा है। इस पांच दिवसीय दौरे का नेतृत्व पार्टी महासचिव तिल्विन सिल्वा करेंगे।
प्रतिनिधिमंडल में पार्टी की केंद्रीय समिति की सदस्य चंद्रिका अधिकारी, सांसद अबूबकर अथंबावा, जिला समिति के सदस्य काबिलन सुंथरमूर्ति और पार्टी के अंतरराष्ट्रीय विभाग की सदस्य कल्पना मधुभाषिणी शामिल हैं।
भारत यात्रा के दौरान जेवीपी प्रतिनिधिमंडल की बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) बी.एल. संतोष और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ बैठक प्रस्तावित है।
प्रतिनिधिमंडल के विदेश मंत्री एस. जयशंकर और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से भी मुलाकात करने की उम्मीद है। इन मुलाकातों के दौरान दोनों देशों के बीच संबंधों और आपसी हित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर बातचीत हो सकती है।
दौरे के कार्यक्रम में बीजेपी मुख्यालय में पार्टी के विभिन्न मोर्चों और विभागों के साथ संवाद भी शामिल है। इसके अलावा श्रीलंकाई प्रतिनिधिमंडल भारतीय संसद और दिल्ली बीजेपी कार्यालय का भी दौरा करेगा।
जेवीपी प्रतिनिधिमंडल का यह दौरा ऐसे समय हो रहा है जब भारत और श्रीलंका के बीच राजनीतिक और कूटनीतिक संपर्क लगातार बढ़ रहे हैं। दोनों देशों के बीच आर्थिक सहयोग, विकास परियोजनाओं, ऊर्जा, कनेक्टिविटी और क्षेत्रीय मुद्दों को लेकर भी संवाद जारी है।
भारत यात्रा के दौरान श्रीलंकाई प्रतिनिधिमंडल को भारतीय राजनीतिक व्यवस्था और बीजेपी के संगठनात्मक ढांचे को करीब से समझने का अवसर मिलेगा।
जेवीपी का यह दौरा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पार्टी श्रीलंका की मौजूदा सरकार में प्रमुख राजनीतिक ताकत है। ऐसे में उसके वरिष्ठ नेताओं की भारत यात्रा दोनों देशों के राजनीतिक संपर्क के लिहाज से भी अहम मानी जा रही है।
पांच दिन के दौरे के दौरान प्रतिनिधिमंडल के कार्यक्रम में राजनीतिक नेताओं के साथ बैठकों के अलावा बीजेपी के विभिन्न संगठनात्मक विभागों के साथ संवाद और भारतीय संसद का दौरा प्रमुख रूप से शामिल है। प्रतिनिधिमंडल 1 अक्टूबर को भारत से रवाना होगा।
