नई दिल्ली, 29 जुलाई (आईएएनएस)। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने दावा किया है कि यूक्रेन ने रूस के कई अहम सैन्य और ऊर्जा ठिकानों पर लंबी दूरी से सफल हमले किए हैं। उनके मुताबिक, ये ठिकाने रूस को यूक्रेन के खिलाफ युद्ध जारी रखने और उसे सहारा देने का काम कर रहे थे।
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, ”रूस के उन ठिकानों पर हमारी लंबी दूरी की कार्रवाई के नए नतीजे सामने आए हैं, जो युद्ध को जारी रखने और उसे सहारा देने का काम कर रहे हैं।”
उन्होंने बताया कि रियाजान में एक तेल रिफाइनरी और एक लॉजिस्टिक्स सेंटर को निशाना बनाया गया। यह जगह यूक्रेन की सीमा से करीब 360 किलोमीटर दूर है। इसके अलावा, अस्थायी रूप से कब्जे वाले क्रीमिया में रूसी ब्लैक सी फ्लीट की तेज रफ्तार नौकाओं के बेस पर भी हमला किया गया।
उन्होंने बताया कि लंबी दूरी की कार्रवाई के तहत पर्म क्षेत्र की एक तेल रिफाइनरी, रोस्तोव क्षेत्र के एक निर्यात टर्मिनल और एक सैन्य उद्यम को भी निशाना बनाया गया।
जेलेंस्की ने कहा कि मैं हमारे सभी योद्धाओं का उनकी सटीक कार्रवाई के लिए धन्यवाद देता हूं। साथ ही उन सभी लोगों का भी आभारी हूं, जिनकी वजह से इस तरह की लंबी दूरी की कार्रवाइयां सफल हो रही हैं। रूस को हर दिन यह महसूस होना चाहिए कि इस युद्ध की कीमत उसे लगातार ज्यादा चुकानी पड़ेगी। हमें आक्रामक पक्ष को कमजोर करना है और उस पर दबाव बनाए रखना है, ताकि इस युद्ध का अंत जल्द से जल्द हो सके।
साथ ही एक अन्य ‘एक्स’ पोस्ट में जेलेंस्की ने अमेरिका की रक्षा कंपनी जो एफ-16 लड़ाकू विमान और पैट्रियट सिस्टम के लिए मिसाइलें बनाने वाली कंपनियों के साथ अपनी मुलाकात के बारे में बताया।
उन्होंने एक पोस्ट में लिखा, ”मैंने अमेरिका की रक्षा कंपनी लॉकहीड मार्टिन की टीम से मुलाकात की। यह अमेरिका की सबसे मजबूत रक्षा कंपनियों में से एक है और हम लंबे समय से इसके साथ मिलकर काम कर रहे हैं। लॉकहीड मार्टिन वही कंपनी है जो एटीएसीएमएस, हिमर्स, एफ-16 लड़ाकू विमान और पैट्रियट सिस्टम के लिए मिसाइलें बनाती है।
जलेंस्की ने बताया कि हमने अपने सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा की। इसमें मिलकर उत्पादन करना और तकनीक का आदान-प्रदान करना शामिल है। यूक्रेन के पास भी बहुत कुछ है जो वह उन देशों और कंपनियों के साथ साझा कर सकता है जो हमारी जिंदगियां बचाने में मदद कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि हमने पैट्रियट और दूसरे रक्षा सिस्टम से जुड़ी अपनी साझा क्षमताओं पर भी बात की। हमारी टीमें पहले से ही कुछ ठोस योजनाओं पर काम कर रही हैं ताकि जल्द से जल्द संयुक्त उत्पादन शुरू किया जा सके और लोगों की सुरक्षा के लिए हमारी क्षमता को और मजबूत बनाया जा सके।

