Wednesday, July 29, 2026
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मौसम बदलते ही सताने लगती हैं सर्दी-खांसी, योग से बढ़ाएं रोग प्रतिरोधक क्षमता

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नई दिल्ली, 5 नवंबर (आईएएनएस)। ठंड की दस्तक के साथ-साथ हवा में भी ठिठुरन बढ़ने लगी है। ऐसे बदलते मौसम में गले में खराश, बार-बार छींक आना और पूरे शरीर में दर्द महसूस होना आम बात है। ऐसे मौसम में रोजाना योग करने से शरीर के अंदरूनी अंगों तक ऑक्सीजन की आपूर्ति और पोषक तत्वों का पहुंचना आसान हो जाता है। इससे फेफड़े मजबूत बनते हैं, पाचन क्रिया दुरुस्त रहती है और रक्त संचार सुचारु रूप से चलता है।

आयुष मंत्रालय की सलाह के अनुसार, योगाभ्यास इम्यूनिटी को बूस्ट करने का प्राकृतिक और प्रभावी तरीका है। आइए जानते हैं कुछ चुनिंदा योगासनों के बारे में, जो सर्दी-जुकाम को दूर भगाने में माहिर हैं।

शीर्षासन: इस आसन में जब आप खड़े होते हैं, तो पूरे शरीर का रक्त प्रवाह सिर की ओर होता है। इससे दिमाग, आंखें, नाक और कान तक बेहतर ऑक्सीजन पहुंचती है। यह आसन सर्दी, जुकाम और सिरदर्द से राहत देने के साथ-साथ पूरे तंत्रिका तंत्र को सक्रिय करता है।

हलासन: पैरों को सिर के पीछे ले जाकर किया जाने वाला यह आसन शरीर की नसों और मांसपेशियों की स्ट्रेचिंग करता है। साथ ही, पाचन तंत्र सक्रिय हो जाता है, जो इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाता है। थकान और मानसिक तनाव कम होता है।

मत्स्यासन: इस योगासन में शरीर मछली के आकार में आ जाता है। यह आसन छाती के बलगम को बाहर निकालने में सहायक होता है। जब आप इस आसन में सांसें गहराई से लेते हैं, तो फेफड़ों की क्षमता धीरे-धीरे बढ़ती है और सर्दी-जुकाम से जल्दी राहत मिलती है।

अधोमुख श्वानासन: इस आसन को करने के लिए शरीर को उल्टे ‘वी’ आकार में लाया जाता है, जिससे रक्त प्रवाह सिर और छाती की ओर बेहतर होता है। यह मुद्रा नाक और फेफड़ों की सफाई में मदद करती है और सांस लेने की क्षमता को सुधारती है। इससे गले और छाती में जमा कफ बाहर निकलता है और सर्दी-जुकाम से राहत मिलती है।

विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि इन आसनों को सुबह खाली पेट, योग प्रशिक्षक की देखरेख में शुरू करें। नियमित अभ्यास से न केवल इम्यूनिटी चमकेगी, बल्कि पूरा शरीर स्वस्थ और ऊर्जावान बनेगा। इस मौसम में योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं और बीमारियों को कहें अलविदा!