Sunday, June 14, 2026
SGSU Advertisement
Home Student & Youth ऐसे काम को कैरियर बनाओ जिससे खुद को प्यार हो और दूसरों...

ऐसे काम को कैरियर बनाओ जिससे खुद को प्यार हो और दूसरों के लिए मददगार हो तब सफलता अपने आप मिलेगी : जया किशोरी

0
93

भोपाल : 20 अगस्त/ मुझे लगता है मैं हमेशा ही वेकेशन पर हूं। मेरा स्ट्रगल, स्ट्रगल नहीं लगता क्योंकि मुझे काम से बहुत प्यार है। ऐसा काम जिससे आपको प्यार है और वो लोगों की मदद भी कर रहा है। ये दोनों चीज का मिलना बहुत मुश्किल से होता है। और जब ये मेरे काम में हुआ तब मैंने तय कर लिया कि जिंदगी भर यही काम करना है। शायद यही कारण भी रहा कि मुझे सफलता मिल पाई। ऐसे में मेरा मानना है सभी स्टूडेंट्स को भी इसी सोच के साथ आगे बढ़ना चाहिए। और इस बात से बिल्कुल परेशान नहीं होना चाहिए अगर आज उन्हें अपना पसंद का काम नहीं भी पता हो। यह बात कही मंगलवार को प्रसिद्ध मोटिवेशनल स्पीकर जया किशोरी ने। वे रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय में आयोजित स्पेशल सत्र में छात्रों को संबोधित कर रही थीं। इस दौरान सत्र का मॉडरेशन पेरेंटिंग कोच एवं गेट सेट पेरेंट की फाउंडर डॉ. पल्लवी राव चतुर्वेदी ने किया। कार्यक्रम में इस दौरान आरएनटीयू की प्रो. चांसलर डॉ. अदिति चतुर्वेदी वत्स एवं बडी संख्या में विश्वविद्यालय की फैकल्टी एवं छात्र मौजूद रहे। डॉ. पल्लवी चतुर्वेदी द्वारा करियर पर पूछे गए सवाल के जवाब पर बात करते हुए जया किशोरी ने आगे कहा कि अपने लिए करियर या कार्य को चुनते समय उसके फायदे और नुकसान के बारे में जरूर विचार करें। यदि किसी कार्य के नकारात्मक पहलुओं के साथ भी आप उस कार्य को करने में सहज हो तो उसे अपना करियर बनाने का सोचना चाहिए। सिर्फ अधिक पैसे के लालच में किसी कार्य या करियर को न चुनें।

सोशल मीडिया रियल वर्ल्ड नहीं है…

सोशल मीडिया पर बात करते हुए जया किशोरी ने कहा कि सोशल मीडिया रीयल वर्ल्ड नहीं है क्योंकि यहां सब अपना अच्छा पहलू ही दिखाने की कोशिश करते हैं। सोशल मीडिया पर कोई भी बुरी फोटो, नकारात्मक पहलू नहीं दिखाता। ऐसे में सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार से अधिक निर्भर नहीं होना चाहिए, न ही सोशल मीडिया देखकर उससे इंफ्लूएंस न हों।

अपनी खुशियों को चीजों से न बांधे…

“बिना खुशी गवाएं कैसे अपने गोल और एम्बीशन को पूरा करें” के सवाल पर जवाब देते हुए जया किशोरी ने कहा कि खुशियों को चीजों से बांधेंगे तो कभी खुश नहीं रह पाएंगे। खुशी सिर्फ आप पैदा कर सकते हैं वह किसी बाहरी वस्तु से नहीं मिल सकती। बाहरी वस्तुओं से केवल कंफर्ट मिल सकता है। यही बात पैसों पर भी लागू होती है इसलिए अपने कंफर्ट के लिए खूब मेहनत करें और खूब पैसे कमाएं, परंतु खुशी अपने भीतर स्वयं लाएं।

पेरेंट्स का समझाने का तरीका गलत हो सकता है परंतु इंटेशन हमेशा सही होता है…

जेनरेशन गैप से जुड़े एक सवाल के जवाब में बात करते हुए जया किशोरी ने कहा कि आज अक्सर बच्च अपने पैरेंट्स से कई बातों पर सहमत नहीं होते हैं। यह लड़ाई का कारण भी बनता है। पर यहां बच्चों को यह समझने की जरूरत है कि पैरेंट्स भी गलत हो सकते हैं और वे एक इंसान है। शायद उनका समझाने का तरीका गलत हो सकता है परंतु उनका इंटेशन कभी गलत नहीं होता है।