Wednesday, August 5, 2026
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दिल्ली: नीरज बवाना गैंग से जुड़ा शातिर बदमाश ‘सविंदर उर्फ बाबा’ को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार

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नई दिल्ली, 4 अगस्त (आईएएनएस)। दिल्ली पुलिस ने संगठित अपराध और गैंगस्टरों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने नीरज बवाना गैंग से जुड़े कुख्यात अपराधी सविंदर उर्फ बाबा उर्फ पागल को पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। दिल्ली पुलिस के जॉइंट कमिश्नर (नॉर्दर्न रेंज) विजय सिंह ने प्रेस वार्ता में इस कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी लंबे समय से पुलिस की तलाश में था और उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास समेत कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।

विजय सिंह ने बताया कि दिल्ली पुलिस लगातार गैंगस्टरों और संगठित अपराध के खिलाफ अभियान चला रही है। इसी क्रम में पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि सविंदर उर्फ बाबा एक विशेष स्थान पर आने वाला है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने जाल बिछाया और आरोपी को पकड़ने का प्रयास किया। हालांकि, जब पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया तो उसने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें सविंदर घायल हो गया। इसके बाद पुलिस टीम ने उसे काबू कर लिया। प्राथमिक उपचार देने के बाद उसे अस्पताल भेजा गया। आरोपी के कब्जे से एक पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं।

जॉइंट कमिश्नर के अनुसार, सविंदर उर्फ बाबा उर्फ पागल अपने बेहद उग्र और हिंसक स्वभाव के कारण अपराध जगत में ‘पागल’ के नाम से जाना जाता है। पुलिस के पास ऐसी जानकारियां भी थीं कि वह मामूली बात पर भी हवा या जमीन में गोली चलाकर लोगों में दहशत फैलाने की कोशिश करता था। उसका संबंध कुख्यात नीरज बवाना गैंग और नवीन बाली गैंग से रहा है। इससे पहले एक हत्या के मामले में नीरज बवाना और नवीन बाली की गिरफ्तारी के दौरान भी सविंदर को आरोपी बनाया गया था। आरोपी का आपराधिक इतिहास काफी लंबा है। उसके खिलाफ दिल्ली और हरियाणा में कुल छह से अधिक गंभीर मामले दर्ज हैं। वर्ष 2010 और 2011 में सोनीपत में उसके खिलाफ मामले दर्ज हुए थे। वर्ष 2012 में प्रशांत विहार थाने में हत्या के प्रयास का केस दर्ज हुआ। वर्ष 2016 में शाहबाद डेयरी में हत्या के मामले और 2017 में नरेला थाने के एक हत्या के मामले में भी वह आरोपी है। इसके अलावा वर्ष 2018 में स्पेशल सेल का भी एक मामला उसके खिलाफ दर्ज है।

विजय सिंह ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से पुलिस को लगातार शिकायतें मिल रही थी कि रंगदारी वसूलने के लिए सविंदर कारोबारियों को निशाना बना रहा था। हाल ही में उसने एक व्यवसायी के घर जाकर उसे धमकाया और दहशत फैलाने के उद्देश्य से जमीन पर गोली चला दी थी। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस के पास मौजूद है और उसी के आधार पर उसकी तलाश तेज कर दी गई थी। इतना ही नहीं, कुछ दिनों बाद उसने एक प्रॉपर्टी डीलर को भी रंगदारी के लिए धमकाया था। वहीं 22 जुलाई को नरेला के सनौठ गांव स्थित उसके घर से भी पुलिस को सूचना मिली थी कि उसने अपने ही पिता को धमकाया और डराया। उसके पिता ने पुलिस कंट्रोल रूम पर कॉल कर मदद मांगी थी, लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी मौके से फरार हो गया था।

जॉइंट कमिश्नर ने कहा कि लगातार मिल रही सूचनाओं और तकनीकी निगरानी के बाद आखिरकार आउटर नॉर्थ जिले की पुलिस टीम ने अलीपुर थाना क्षेत्र में इस शातिर अपराधी को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने इस सफलता का श्रेय डीसीपी आउटर नॉर्थ शोभित सक्सेना के नेतृत्व में काम कर रही पुलिस टीम को दिया।