भोपाल, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। नवरात्रि का पर्व करीब है और हर तरफ गरबा की तैयारी चल रही है। इन आयोजनों में मुस्लिम युवक भी हिस्सा लेते हैं। भोपाल के मुफ्ती मोहम्मद गुफरान खान नदवी ने मुस्लिम लड़को से गरबा में शामिल न होने की अपील करते हुए कहा कि इस आयोजन में शामिल होना हराम है। सोशल मीडिया पर जारी हुए एक वीडियो में मुफ्ती मोहम्मद गुफरान खान नदवी ने कहा है कि मुस्लिम युवाओं का दूसरी कौम के धार्मिक त्योहार या रस्म में शामिल होना जायज नहीं है, जो व्यक्ति दूसरी कौम के कार्यक्रमों में शामिल होते हैं, वह उसी के तौर तरीके में शामिल माना जाता है ।
मुफ्ती ने सवालिया अंदाज में कहा कि आज के दौर में जो गरबा या हिंदू रस्म होती है उसमें मुस्लिम लड़कों का शिरकत करना जायज है? बस इतना ही कहूंगा कि यह हराम है । मुफ्ती ने मुस्लिम समाज के लड़कों को सलाह दी है और कहा है कि कुछ मुस्लिम युवक अपने दोस्तों के साथ गरबा में जाना बेहतर समझते हैं लेकिन उन्हें इससे बचना चाहिए क्योंकि दूसरी कौम की धार्मिक पहचान और रस्मों का अनुसरण करना उचित नहीं है। मुस्लिम युवाओं को अपनी धार्मिक पहचान और परंपरा के लिए जागरूक करना चाहिए।
दरअसल विभिन्न समितियां द्वारा नवरात्रि के मौके पर देवी प्रतिमाओं की स्थापना की जाती है तो वहीं गरबा का आयोजन किया जाता है। इसमें बड़ी तादाद में युवक और युवतियां हिस्सा लेते हैं। इस आयोजन में दूसरी समाज के युवाओं की हिस्सेदारी पर आपत्ति दर्ज कराई जाती है, साथ ही कई तरह के आरोप भी लगाए जाते हैं।
मुफ्ती के बयान से पहले ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी भी मुस्लिम समाज के युवाओं से यह अपील कर चुकी है कि वह गरबा में जाने से परहेज करें। कमेटी की ओर से कहा गया था कि यह अपील किसी धार्मिक आयोजन के विरोध में नहीं है बल्कि सामाजिक सौहार्द बना रहे और विवाद से बचा जाए, इस उद्देश्य को लेकर यह अपील की गई है।
–आईएएनएस
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