Monday, July 20, 2026
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बेंगलुरु खदान हादसे पर राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और पीएम मोदी ने जताया शोक, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

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नई दिल्ली, 2 जुलाई (आईएएनएस)। कर्नाटक के बेंगलुरु जिले में एक पत्थर की खदान में हुए भीषण हादसे पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा दुख व्यक्त किया है। इस हादसे में सात मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। आशंका जताई जा रही है कि मलबे के नीचे अभी भी कुछ मजदूर फंसे हो सकते हैं, जिसके चलते मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका बनी हुई है।

राष्ट्रपति मुर्मु ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “कर्नाटक के बेंगलुरु शहरी जिले में पत्थर की खदान में हुए हादसे में लोगों की मौत से दुखी हूं। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं हैं। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करती हूं।”

उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने भी हादसे पर शोक जताते हुए कहा, “कर्नाटक के बेंगलुरु शहरी जिले में पत्थर की खदान में हुई दुर्घटना में बहुमूल्य जिंदगियों का जाना बेहद पीड़ादायक है। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं। मैं घायलों के शीघ्र और पूर्ण स्वस्थ होने की कामना करता हूं।”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “कर्नाटक के बेंगलुरु शहरी जिले में पत्थर की खदान में हुए हादसे में लोगों की जान जाने की खबर से बेहद दुख हुआ। जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।”

इससे पहले कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने भी हादसे पर दुख जताते हुए कहा कि दक्षिण बेंगलुरु तालुक के मदपट्टना में चट्टान टूटने से सात मजदूरों की मौत अत्यंत दुखद है। उन्होंने मृतकों की आत्मा की शांति और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की। साथ ही कहा कि खदानों में काम करने वाले मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करना खदान मालिकों की जिम्मेदारी है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सरकार सख्त कार्रवाई करेगी।

अधिकारियों के अनुसार, यह हादसा गुरुवार सुबह करीब पांच बजे बेंगलुरु दक्षिण तालुक के मदपट्टना स्थित एक पत्थर की खदान में हुआ। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, उस समय करीब 20 मजदूर खदान में काम कर रहे थे। एक दिन पहले ब्लास्टिंग होने के बाद मजदूर जमीन से लगभग 40 फीट नीचे खुदाई कर रहे थे, तभी अचानक चट्टान का एक बड़ा हिस्सा टूटकर उन पर आ गिरा।

हादसे में मारे गए मजदूरों की पहचान अभी नहीं हो सकी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मृतक बिहार के प्रवासी मजदूर हैं, जबकि कुछ घायल कर्नाटक के निवासी बताए जा रहे हैं। गंभीर रूप से घायल पांच मजदूरों को इलाज के लिए आरआर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

फिलहाल पुलिस, जिला प्रशासन और बचाव दल की टीमें घटनास्थल पर राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं। मलबा हटाकर फंसे मजदूरों की तलाश जारी है। अधिकारियों का कहना है कि कई शव अब भी भारी पत्थरों के नीचे दबे हुए हैं, जिन्हें निकालने का प्रयास किया जा रहा है।