नई दिल्ली, 25 सितंबर (आईएएनएस)। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी छोटू उर्फ प्रिंस को झारखंड के रांची से गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी पटना के कुख्यात पिंकू चौधरी गैंग से जुड़ा रहा है और बिहार में हत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, लूट और आर्म्स एक्ट समेत 16 से अधिक गंभीर आपराधिक मामलों में उसकी संलिप्तता रही है।
पुलिस के अनुसार, छोटू उर्फ प्रिंस को वर्ष 2013 में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था। उस दौरान उसके कब्जे से चार पिस्टल और 20 जिंदा कारतूस बरामद किए गए थे। बाद में आरोपी फरार हो गया और कथित तौर पर लगातार अपने ठिकाने बदलकर पुलिस से बचता रहा।
मामले में दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने 22 नवंबर 2018 को छोटू उर्फ प्रिंस को घोषित अपराधी करार दिया था। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। हालांकि, आरोपी बार-बार अपनी लोकेशन बदलने के कारण पुलिस की गिरफ्त से बाहर था।
क्राइम ब्रांच को हाल ही में आरोपी के झारखंड के रांची में मौजूद होने की सूचना मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने सूचना की पुष्टि करने के साथ तकनीकी निगरानी की मदद से उसकी गतिविधियों पर नजर रखी।
पुलिस के मुताबिक, पुख्ता जानकारी मिलने के बाद क्राइम ब्रांच की टीम ने 24 सितंबर को रांची के अडेलहातू टोंटल चौक के पास जाल बिछाया। आरोपी ने पुलिस टीम को देखते ही भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने पीछा कर उसे पकड़ लिया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी की पहचान छोटू उर्फ प्रिंस के रूप में हुई। पुलिस उसके आपराधिक रिकॉर्ड और अन्य मामलों में कथित भूमिका की जांच कर रही है।
क्राइम ब्रांच के मुताबिक, छोटू उर्फ प्रिंस बिहार के पटना में सक्रिय रहे पिंकू चौधरी गैंग का सदस्य था। पुलिस का दावा है कि इस गिरोह की प्रतिद्वंद्वी अजय वर्मा गैंग से रंजिश थी और दोनों गुटों के बीच वर्चस्व को लेकर टकराव होता रहा है। आरोपी पर प्रतिद्वंद्वी गैंग के सदस्यों पर हमलों में शामिल होने के भी आरोप हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, छोटू उर्फ प्रिंस के खिलाफ बिहार में हत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, लूट और अवैध हथियारों से जुड़े 16 से अधिक गंभीर आपराधिक मामलों में संलिप्तता के आरोप हैं।
