सामाजिक सुरक्षा पेंशन पर सालाना 33,000 करोड़ रुपए खर्च कर रही सरकार: चंद्रबाबू नायडू

0
6

अमरावती, 1 मई (आईएएनएस)। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने शुक्रवार को कहा कि राज्य सरकार हर साल सामाजिक सुरक्षा पेंशन पर 33,000 करोड़ रुपए खर्च कर रही है और देश में इस स्तर पर ऐसा कहीं नहीं हो रहा है।

राज्य सरकार हर महीने 62.47 लाख लाभार्थियों को पेंशन दे रही है। पिछले 22 महीनों में पेंशन पर 63,000 करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च किए जा चुके हैं।

कृष्णा जिले में एनटीआर भरोसा पेंशन योजना के तहत कुछ लाभार्थियों को पेंशन वितरित करने के बाद जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ”हम हर महीने 2,700 करोड़ रुपए पहले से तैयार रखते हैं। मैं इसे बोझ नहीं मानता, बल्कि अपनी जिम्मेदारी मानता हूं। यह योजना गरीबों को जरूरी राहत और सहारा देती है।”

मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने कृष्णा जिले के पामर्रू विधानसभा क्षेत्र के पमिडिमुक्कला में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उन्होंने आंध्र प्रदेश के पुनर्निर्माण का वादा किया था और पिछले 22 महीनों से इस वादे को पूरा करने के लिए लगातार काम किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा, ”तेलुगुदेशम पार्टी के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार के सत्ता में आने के बाद से टूटी हुई व्यवस्थाओं को फिर से खड़ा करने और आंध्र प्रदेश की पुरानी पहचान लौटाने का काम किया जा रहा है।”

मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने दोहराया कि पिछली विधानसभा चुनाव के दौरान किए गए वादे के मुताबिक राज्य सरकार बिजली दरों में कमी कर रही है और साफ किया कि बिजली की कीमतें नहीं बढ़ाई जाएंगी।

उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने नौ बार बिजली दरें बढ़ाकर जनता पर बोझ डाला था। जनहित में काम करने वाली यह सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ काम कर रही है और जनता के सहयोग से बेहतर शासन दे रही है।

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अब हर जनसभा में वह लोगों से उनके-अपने विधायकों के कामकाज पर सीधा फीडबैक लेंगे। उन्होंने कहा कि वह जनता की मौजूदगी में विधायकों के कामकाज की खुद समीक्षा करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा, ”मैं विधायकों के नहीं, जनता के पक्ष में खड़ा हूं। मेरी प्रतिबद्धता सिर्फ जनता के प्रति है।” उन्होंने कहा कि सरकार की अच्छी छवि तभी बनेगी, जब जनप्रतिनिधि और अधिकारी मिलकर काम करेंगे।