ईटानगर, 25 जून (आईएएनएस)। अरुणाचल प्रदेश के केयी पैन्योर जिले में अचानक आई भयानक बाढ़ में लापता चार लोगों की तलाश जारी है। अधिकारियों ने बताया कि रेस्क्यू टीमों का गुरुवार को लगातार दूसरे दिन भी तलाशी अभियान अभियान जारी रहा। इसी बीच, पड़ोसी राज्य अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश और अचानक आई बाढ़ के बाद असम सरकार ने हाईअलर्ट जारी किया है।
अधिकारियों के अनुसार, मंगलवार से लगातार हो रही बारिश के कारण केयी पैन्योर जिले के यजाली सर्कल क्षेत्र में अचानक बाढ़ आ गई, जिससे पूसा के पास नीपको प्रोजेक्ट कॉलोनी इसकी चपेट में आई। अचानक बाढ़ के कारण लगभग 20 घर और रिहायशी इकाइयां क्षतिग्रस्त हो गईं। अधिकारियों ने बताया कि लगातार भारी बारिश के कारण निर्माणाधीन रिटेनिंग वॉल (दीवार) ढह गई, जिससे कॉलोनी और उसके आसपास के निचले रिहायशी इलाकों में भारी जलभराव हो गया था।
शुरुआत में पांच लोगों के लापता होने की सूचना थी। तलाशी अभियान के दौरान बचाव दल ने बुधवार दोपहर एक का शव बरामद किया। उनकी पहचान विवेकानंद केंद्र विद्यालय (वीकेवी) की टीचर निर्मला गुप्ता के रूप में हुई। हालांकि, अन्य चार लोगों का कोई सुराग नहीं मिला। लापता लोगों में एलेश मारक (13), बलारी मारक (30), ताओ अंजीना (46) और सौरव कुमार (48) शामिल हैं।
इस आपदा में कम से कम 20 लोग घायल हुए, जिनमें से तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्हें सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
प्रभावित इलाके में सामान से लदे कुछ वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए। वहीं, हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट में बिजली उत्पादन अस्थायी रूप से रोक दिया गया। आपदा प्रबंधन अधिकारियों ने संवेदनशील जगहों और नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक आवाजाही से बचने की सलाह दी है।
केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने गुरुवार को जिले में बाढ़ और भूस्खलन से हुई जान-माल की हानि पर दुख व्यक्त किया। अरुणाचल प्रदेश से लोकसभा सांसद ने अपने आधिकारिक ‘एक्स’ अकाउंट पर कहा, “अरुणाचल प्रदेश के केयी पैन्योर जिले में बाढ़ और भूस्खलन से हुई जान-माल की हानि और तबाही से बहुत दुख हुआ है। पीड़ित परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं और घायलों के जल्द ठीक होने की प्रार्थना करता हूं। हमारे लोगों की सुरक्षा और भलाई हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।”
केंद्रीय मंत्री ने कहा, “बचाव, राहत और बहाली के कार्य जारी हैं। प्रभावित लोगों को हर संभव मदद दी जा रही है। इस मुश्किल घड़ी में हम हर प्रभावित परिवार के साथ मजबूती से खड़े हैं।”
इसी बीच, अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश और अचानक आई बाढ़ के बाद असम सरकार ने हाईअलर्ट जारी किया है। अरुणाचल की आपदा का असम के कई जिलों पर असर पड़ने की आशंका है। ऊपरी इलाकों में लगातार भारी बारिश और नदियों में पानी का बहाव बढ़ने के कारण अधिकारियों को असम के निचले इलाकों में ब्रह्मपुत्र और उसकी सहायक नदियों के जलस्तर और बहाव की गति में काफी बढ़ोतरी की आशंका है।
बाढ़ आने की स्थिति में सबसे पहले धेमाजी, लखीमपुर, बिस्वनाथ और सोनितपुर जिले प्रभावित होंगे। इसके बाद राज्य के अन्य निचले इलाकों में बाढ़ का पानी पहुंचने की आशंका है। एक बयान में कहा गया है कि हालात पर नजर रखी जा रही है।

