हैदराबाद, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने गुरुवार को आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) उन गरीब लोगों से डरी हुई है, जो उसके खिलाफ हो गए हैं, इसलिए वह उनसे वोट देने का अधिकार छीनना चाहती है।
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने लगातार दूसरे दिन नई दिल्ली में ‘इंडिया’ गठबंधन के विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया, जिसमें मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने धर्म, जाति, क्षेत्र और भाषा के आधार पर भारतीयों को बांटने की कोशिश की है। उन्होंने विपक्ष को कमजोर करने और संस्थाओं को दबाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का गलत इस्तेमाल किया है। अब जब हार तय है, तो देश को दो बड़े गुटों में बांटा जा रहा है, एक वे जिनके पास वोट देने का अधिकार है और दूसरे वे जिनके वोट वे चुराना चाहते हैं।”
मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) के एक बयान में उनके हवाले से यह बात कही गई।
रेवंत रेड्डी ने कहा, “भाजपा उन गरीब लोगों से डरी हुई है जो उसके खिलाफ हो गए हैं, जिनमें दलित, आदिवासी, ओबीसी और अल्पसंख्यक शामिल हैं, इसलिए वे उनके वोट छीनना चाहते हैं।”
वे राजघाट पर धरने में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस तथा इंडिया गठबंधन के अन्य नेताओं के साथ शामिल हुए थे। सीएम ने कहा कि अगर 13 करोड़ या उससे ज्यादा नागरिकों के वोट छीन लिए गए, तो यह दुनिया में वोटिंग का अधिकार छीनने की सबसे बड़ी घटना होगी।
उन्होंने कहा कि यह संख्या कई देशों की आबादी से भी ज्यादा है। उन्होंने कहा, “हम एक अजीब स्थिति की ओर बढ़ रहे हैं, जहां 1952 के बाद से भारत में हर चुनाव में वोटरों की संख्या बढ़ी है, जिसमें वे पिछले तीन आम चुनाव भी शामिल हैं, जिनमें प्रधानमंत्री मोदी सत्ता में आए। वहीं, अब अगले चुनावों में भारत में वोटरों की कुल संख्या कम हो जाएगी।”
हालांकि, उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत की जनता ऐसा नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा सिर्फ कांग्रेस या ‘इंडिया’ गठबंधन की लड़ाई नहीं है, बल्कि देश के भविष्य से जुड़ा मामला है।
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने आरोप लगाया कि पीएम मोदी ने हमेशा उन बांटने वाली चालों के जरिए सत्ता हासिल करने की कोशिश की है, जिन्हें उन्होंने साम्राज्यवादी ब्रिटिश तौर-तरीके बताया।
उन्होंने कहा, “हमारी पार्टी भारत को आजादी दिलाने के लिए बनी थी, न कि सत्ता हासिल करने के लिए। हमने सुनिश्चित किया कि भारत आजाद हो और हर भारतीय को वोट का अधिकार मिले। आज अगर सरकार गैर-कानूनी तरीके से लोगों के वोट छीन सकती है, तो कल उनके सभी अधिकार छीन लिए जाएंगे, जिनमें आरक्षण और मौलिक अधिकार भी शामिल हैं।”
रेवंत रेड्डी ने आगे कहा, “भारत हर नागरिक के वोट देने के अधिकार के लिए खड़ा रहेगा। दुनिया की कोई भी ताकत इसे रोक नहीं सकती। भाजपा या तो सीईसी ज्ञानेश कुमार को हटाए, एसआईआर प्रक्रिया को रद्द करे और हर नागरिक का वोट बहाल करे, वरना उसे भारतीय राजनीतिक इतिहास के कूड़ेदान में फेंक दिया जाएगा।”
