रांची, 19 अगस्त (आईएएनएस)। झारखंड में जेपीएससी-जेएसएससी की भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ 26 दिनों से चल रहा छात्रों का आंदोलन बुधवार को समाप्त हो गया। आंदोलन समाप्त करने की औपचारिक घोषणा शाम चार बजे की जाएगी। इसके बाद शाम छह बजे छात्र जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से आभार यात्रा निकालेंगे। झारखंड सरकार की ओर से जेपीएससी सिविल सर्विस और जेएसएससी-सीजीएल सहित कुल 22 परीक्षाओं को रद्द करने और कुल 45 परीक्षाओं में गड़बड़ी की जांच की अधिसूचना जारी होने के बाद छात्रों ने यह फैसला लिया है।
छात्रों का कहना है कि सरकार ने गड़बड़ियों की व्यापक जांच का भरोसा दिया है और इसी भरोसे के आधार पर फिलहाल आंदोलन समाप्त करने का फैसला लिया गया है। आंदोलनकारी छात्रों ने कहा कि अब उनकी नजर जांच की प्रक्रिया पर रहेगी। उन्होंने सरकार को जांच के लिए 60 दिनों का समय देने का फैसला किया है। छात्रों ने स्पष्ट किया कि यदि इस अवधि में जांच निष्पक्ष और सही तरीके से नहीं हुई या किसी तरह की लापरवाही सामने आई, तो वे दोबारा आंदोलन शुरू करेंगे।
छात्रों ने कहा कि आंदोलन खत्म करने का फैसला स्थायी रूप से पीछे हटने का नहीं, बल्कि सरकार को जांच के लिए समय देने के उद्देश्य से लिया गया है। छात्रों के अनुसार, आभार यात्रा के जरिए आंदोलन के दौरान उनका साथ देने वाले लोगों, संगठनों और अन्य समर्थकों के प्रति धन्यवाद जताया जाएगा। यात्रा जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से शाम छह बजे निकाली जाएगी। जेपीएससी-जेएसएससी अभ्यर्थी न्याय मंच के रामावतार महतो ने कहा कि मंच ने 25 जुलाई से परीक्षाओं में कथित धांधली के खिलाफ अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू किया था।
उन्होंने कहा कि सरकार ने मंच की प्रमुख मांगों को स्वीकार किया है। छात्र हित में लिए गए फैसलों के लिए उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रति आभार जताया। रामावतार महतो ने कहा कि सरकार की ओर से परीक्षा में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई और जांच की दिशा में उठाए गए कदम से छात्रों को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। उन्होंने कहा कि सरकार को जांच पूरी करने का अवसर दिया जाना चाहिए। इसी आधार पर मंच ने आंदोलन समाप्त करने का फैसला लिया है।
हालांकि, छात्रों ने यह भी साफ किया कि आंदोलन समाप्त होने का मतलब यह नहीं है कि वे पूरे मामले से अपना ध्यान हटा रहे हैं। अगले 60 दिनों तक जांच की प्रगति पर नजर रखी जाएगी। यदि जांच में किसी तरह की अनियमितता, लापरवाही या पक्षपात सामने आता है, तो छात्र फिर से सड़क पर उतरने से पीछे नहीं हटेंगे। जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी के खिलाफ छात्रों का आंदोलन पिछले कई सप्ताह से चल रहा था।
इस दौरान छात्रों ने धरना, प्रदर्शन, सत्याग्रह और भूख हड़ताल जैसे कई कार्यक्रम किए। सरकार की ओर से परीक्षाओं को रद्द करने, कुछ परीक्षाओं को स्थगित करने और संभावित अनियमितताओं की जांच के साथ परीक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए कई कदम उठाए जाने के बाद अब आंदोलन को फिलहाल विराम दिया गया है।
–आईएएनएस
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