नई दिल्ली, 1 मई (आईएएनएस)। केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी ने शुक्रवार को विश्व श्रमिक दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि श्रमिक हमारे कोयला उद्योग की नींव हैं।
केंद्रीय मंत्री ने एक पत्र में लिखा कि 1 मई अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर मैं आप सभी को अपनी शुभकामनाएं और गहन कृतज्ञता व्यक्त करता हूं। श्रमिक हमारे कोयला उद्योग की नींव हैं।
श्रमिकों का जिक्र करते हुए उन्होंने लिखा कि कठिन परिस्थितियों में खदानों में किया गया आपका अथक परिश्रम हमारे देश की ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करने और आर्थिक प्रगति बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। गर्व और आभार के साथ, मैं आपके उस श्रम को नमन करता हूं जो लाखों घरों को रोशन करता है, उद्योगों को चलाता है और हमारे देश को समृद्ध बनाता है। आत्मनिर्भर भारत के महान उद्देश्य और कोयले के रिकॉर्ड उत्पादन में आपका योगदान देश की प्रगति और स्वतंत्रता को सुदृढ़ करता है।
उन्होंने कहा कि आप कठिन परिस्थितियों में राष्ट्र की ऊर्जा आवश्यकताओं को सुरक्षित करने और राष्ट्र की प्रगति को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर कार्यरत हैं, ऐसे में हमारा भी दायित्व है कि हम आपके और आपके परिवार के साथ मजबूती से खड़े रहें। आपके समर्पण और त्याग को मान्यता देते हुए कंपनी ने लगातार अपने कल्याणगत ढांचे को मजबूत किया है, जिससे न केवल कार्यस्थल पर आपकी सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित हो बल्कि आपके परिवारों को भी सार्थक सहयोग मिल सके। हमारी प्रतिबद्धता अटल है कि एक ऐसा पारिस्थितिकी तंत्र बनाना जहां हर कर्मचारी स्वयं को मूल्यवान, सुरक्षित और सशक्त महसूस करे, जैसे कि आपने अपनी अथक सेवा से राष्ट्र को सशक्त किया है।
पत्र में आगे लिखा है कि कोयला मंत्रालय के तत्वावधान में कोल इंडिया लिमिटेड ने 23 मॉडल अस्पताल, 33 मॉडल कॉलोनियां, 32 मॉडल स्कूल और 30 मॉडल खेल परिसर विकसित किए हैं, जिन्हें प्रथम चरण में अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। परिवारों की सक्रिय भागीदारी के लिए वर्षभर विभिन्न खेल गतिविधियाँ भी आयोजित की जा रही हैं। खुशहाल, सस्टेनेबल कम्युनिटी बनाने के हमारे मिशन में सभी पॉलिसी और कार्यक्रम श्रमिकों की आवश्यकताओं को प्राथमिकता देते हुए तैयार किए गए हैं।
कोयला मंत्रालय उन कल्याणकारी उपायों को सुदृढ़ करने के प्रति भी संकल्पबद्ध है, जो कंपनी में अपनी सेवाएं पूरी करने के बाद,आपके और आपके परिवार के जीवन को सीधे तौर पर प्रभावित करते हैं। सेवानिवृत्त और सेवारत, दोनों ही तरह के कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही चिंताओं को दूर करते हुए, पोर्टल और मोबाइल ऐप के शुभारंभ और सफल संचालन ने भविष्य निधि और पेंशन लाभों के समय पर निपटान को सहज बनाया है।
योगदान आधारित सेवानिवृत्ति चिकित्सा योजना उन 1,13,898 लाभार्थियों और उनके जीवनसाथियों को चिकित्सा सहायता प्रदान कर रही है, जिन्होंने कोयला कंपनियों में वर्षों की अथक सेवा देने के बाद सेवानिवृत्ति प्राप्त की है।
वर्ष के दौरान, हमारे मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार की जरूरत वाले एरिया की पहचान की गई है और हमारी कोयला कंपनियों ने चरणबद्ध उपायोंकी योजना बनाई है, जिन्हें आने वाले दिनों में हमारी डिस्पेंसरियों और अस्पतालों को बेहतर बनाने के लिए लागू किया जाएगा। इससे हमारे कर्मचारियों और उनके आश्रितों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा सुनिश्चित होगी। मौजूदा चिकित्सा ढांचे के अतिरिक्त, देश भर में 523 से अधिक अस्पतालों को सूचीबद्ध किया गया है, ताकि सेवारत कर्मचारियों और उनके परिवारों के साथ-साथ सेवानिवृत्त कर्मचारियों और उनके जीवनसाथियों को भी विशेष चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके। हमारे आस-पास के समुदायों के 1,60,000 से अधिक लोगों और हमारे कोयला समुदाय के 50,000 से अधिक लोगों को कोयला कंपनियों द्वारा आयोजित विभिन्न स्वास्थ्य शिविरों से लाभ मिला है।
सरकार द्वारा लागू किए गए नए श्रम संहिताएं, श्रमिकों के लिए जमीनी हकीकत को बदलना शुरू कर चुकी हैं, ये उन्हें मजबूत सामाजिक सुरक्षा और अधिक ठोस संरक्षण प्रदान करती हैं। साथ ही, ये संविदा श्रमिकों के योगदान को अधिक न्यायसंगत रूप से मान्यता देती हैं और कोयला क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों के लिए अधिक स्थिरता और गरिमा सुनिश्चित करने में मदद करती हैं। यह सुधार से कहीं बढ़कर निष्पक्षता, स्थिरता और उस गरिमा की दिशा में एक निर्णायक कदम है, जिसका कोयला क्षेत्र में काम करने वाला हर श्रमिक हमेशा से हकदार रहा है। मैं, उन 5600 नए कर्मचारियों का भी हार्दिक स्वागत करता हूं जो इस वर्ष कोल इंडिया परिवार में शामिल हुए हैं। कोयला मंत्रालय आपके कल्याण और प्रगति के लिए प्रतिबद्ध है। हम सब मिलकर आपके सपनों को साकार करने की दिशा में काम करेंगे एक ऐसे भारत का निर्माण करेंगे, जो आत्मनिर्भर और ऊर्जा सुरक्षित हो, जहां श्रम की गरिमा का यथोचित सम्मान किया जाता हो।

