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‘पागल कौन है, देश और प्रदेश की जनता जानती है,’ नाना पटोले का सीएम सरमा के बयान पर पलटवार

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नागपुर, 26 अगस्त (आईएएनएस)। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्व सरमा द्वारा ‘पागल’ कहे जाने के बाद कांग्रेस नेताओं ने उनके बयान पर आपत्ति जताई है। महाराष्ट्र कांग्रेस के नेता नाना पटोले ने कहा कि शब्दों की मर्यादा नहीं लांघनी चाहिए।

नागपुर में आईएएनएस से बातचीत में कांग्रेस नेता नाना पटोले ने कहा कि लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष के बारे में इस तरह के शब्दों का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। पागल कौन है, इसका अंदाजा देश की जनता लगा रही है। वे किस तरह मुख्यमंत्री बने, यह देश और असम की जनता जानती है। इसीलिए, बयान देने से पहले सोचना जरूर चाहिए।

न्यूयॉर्क के मेयर द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत के कार्यक्रम के विरोध को लेकर नाना पटोले ने कहा कि संघ की शुरुआत महाराष्ट्र से हुई थी और अब यह देश-दुनिया में फैल गया है।

उन्होंने दावा किया कि यह कोई पंजीकृत संगठन नहीं है। संघ ने 36 देशों में अकाउंट खोले हैं, जिनमें अरबों रुपए जमा हैं। यह पैसा कहां से आया, क्यों इकट्ठा किया गया और किस काम में खर्च हो रहा है, इसकी कोई रिपोर्ट किसी के पास नहीं है। न्यूयॉर्क में होने वाले कार्यक्रम के विरोध को लेकर मोहन भागवत को जवाब देना चाहिए। दुनिया भर में इस संगठन को संदेह की नजर से देखा जा रहा है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के घुसपैठ वाले बयान पर नाना पटोले ने कहा कि उन्हें घुसपैठ रोकने से किसने रोका है। वे गृह मंत्री हैं। चुनाव आते हैं तो घुसपैठ की बात होती है। अरुणाचल प्रदेश में घुसपैठ हो चुकी है, चीन घुस चुका है। इस पर क्यों नहीं बोलते हैं? इस सरकार ने देश को खोखला बना दिया है। घुसपैठ की बात तो होती है, लेकिन सरकार के मुख से चीन का नाम क्यों नहीं लिया जाता है?

राखी विज्ञापन विवाद पर नाना पटोले ने कहा कि भाजपा सांसद के बयान हमारे लिए चिंता का विषय नहीं है। लेकिन, आजकल बाबा रामदेव और कई अन्य लोग भी उनके खिलाफ ही बयान देते हैं। यहां तक कि उनके अपने पक्ष के लोग भी उनके खिलाफ बोलते हैं, इसलिए कांग्रेस को कुछ कहने की जरूरत नहीं है।

नाना पटोले ने कहा कि जहां तक कंगना रनौत की बात है, अगर वह राहुल गांधी के बारे में बोलना चाहती हैं तो वह ऐसा करने के लिए आजाद हैं। लेकिन, उन्हें पहले यह देखना चाहिए कि जब भी वह कोई बयान देती हैं तो उन्हें किस तरह ट्रोल किया जाता है।