संगरूर, 18 अक्टूबर (आईएएनएस)। पंजाब के संगरूर जिले के लहरागागा इलाके में रविवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में (जीराम जी योजना) मनरेगा के तहत काम कर रही 9 महिला मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गईं। हादसा उस समय हुआ, जब सड़क किनारे घास काटने और सफाई का काम कर रही महिला मजदूरों को एक तेज रफ्तार वाहन ने कुचल दिया। घायलों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
जानकारी के मुताबिक, हादसे के समय अलीशेर गांव की करीब 20 से 25 महिला मजदूर सड़क किनारे मनरेगा योजना के तहत काम कर रही थीं। इसी दौरान तेज रफ्तार से आए एक वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में कई महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं।
घायलों को संगरूर के सरकारी अस्पताल सहित अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। अस्पताल में घायल महिलाओं का इलाज किया जा रहा है। पीड़ितों ने आरोप लगाया कि सड़क पर काम करने के दौरान उनकी सुरक्षा के लिए कोई पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे।
घायल महिलाओं के मुताबिक, काम वाली जगह पर न तो कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया था और न ही रिफ्लेक्टर या बैरिकेड की व्यवस्था थी। इसके अलावा, मजदूरों को सुरक्षा के लिए सेफ्टी जैकेट भी नहीं दी गई थी।
संगरूर के सरकारी अस्पताल में घायलों का इलाज कर रहीं डॉक्टर पूनम धीर ने बताया कि लहरागागा से 7-8 मरीज अस्पताल पहुंचे हैं। इनमें से एक मरीज की मौत हो गई है, जबकि 2-3 गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए दूसरे अस्पतालों में रेफर किया गया है। बाकी मरीजों का इलाज और जरूरी जांच की जा रही है।
इस हादसे ने सड़क किनारे काम करने वाले मनरेगा मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल, घायल मजदूरों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज जारी है।
