जामताड़ा, 5 जुलाई (आईएएनएस)। अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले पर झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आशंका जताई कि चोरी हुए चढ़ावा का पैसा चुनावों में खर्च किया गया होगा।
मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि राम मंदिर में चोरी कई लोगों पर कार्रवाई हुई है, कुछ ने इस्तीफा भी दे दिया है। यह केवल उत्तर प्रदेश का मुद्दा नहीं, बल्कि पूरे देश के लोगों की आस्था से जुड़ा मामला है। लाखों श्रद्धालु वहां जाते हैं और अपनी श्रद्धा अनुसार सोना-चांदी, कैश चढ़ाते हैं। उसी जगह पर भाजपा शासन में चोरी होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
इरफान अंसारी ने बाबा नगरी (देवघर) का उदाहरण देते हुए कहा कि उनकी सरकार में मंदिरों में ऐसी घटनाएं नहीं होने दी जातीं, क्योंकि झारखंड में संवेदनशील सरकार है। अयोध्या से ज्यादा लोग देवघर में बाबा महादेव के दर्शन के लिए पहुंचते हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार में जब मंदिर में चोरी हो जाए तो आम जनता को न्याय कहां से मिलेगा, क्योंकि यह एक-दो पैसे की चोरी नहीं है, बल्कि करोड़ों रुपए, सोना-चांदी की लूट हुई है। मैं खुद अयोध्या गया हूं। लोगों ने वहां अपनी मनोकामना पूरी करने के लिए हार, चांदी और चंदा चढ़ाया था। अब सोचिए, उनकी आस्था के साथ कैसा खिलवाड़ हुआ है।
उन्होंने कहा कि अयोध्या भाजपा की जागीर नहीं है। वहां बाबरी मस्जिद थी, मुसलमानों की मस्जिद थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद, राम मंदिर के लिए मुसलमानों ने बड़ा दिल दिखाया। वर्षों बाद जब राम मंदिर बना तो भाजपा की सरकार सुरक्षा नहीं दे पाई। अब चोरी होने के बाद कार्रवाई सिर्फ खानापूर्ति है।
अंसारी ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए पूछा, “सीसीटीवी कहां गया? सुरक्षा कर्मी कहां थे? यह भाजपा शासन में हुआ है। जब मंदिर सुरक्षित नहीं है तो आम जनता कैसे सुरक्षित रहेगी?”
उन्होंने आशंका जताई कि चंदे का पैसा चुनावों में खर्च किया गया हो सकता है।
मंत्री ने उत्तर प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सीबीआई या उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की।
उन्होंने कहा, “आस्था का मामला है, हमें पाई-पाई का हिसाब चाहिए। यह आस्था पर चोट है और जमीन की लूट भी हो रही है। हम इस मामले को छोड़ने वाले नहीं हैं।”

