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तिरुचेंदूर में दशहरा उत्सव का महापर्व, ‘महिषासुर संहार’ देखने देशभर से पहुंचेंगे श्रद्धालु

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तिरुचेंदूर, 20 अक्टूबर (आईएएनएस)। विश्व प्रसिद्ध कुलसेकरपट्टिनम अरुलमिगु मुथरम्मन मंदिर में दशहरा उत्सव बड़े ही धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया जा रहा है। सबसे महत्वपूर्ण कार्यक्रम ‘महिषासुर संहार’ 20 अक्टूबर की आधी रात को मंदिर के पास समुद्र तट पर आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम को देखने के लिए देश भर से श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं।

इससे पहले उत्सव के 9वें दिन 19 अक्टूबर को देवी अंबल कलाईमगल ‘अन्ना वाहन’ यानी हंस वाहन पर सवार होकर सड़कों पर निकलीं और भक्तों को आशीर्वाद दिया।

मैसूर के दशहरे के बाद थूथुकुडी जिले के कुलसेकरनपट्टिनम स्थित श्री ज्ञानमूर्तिश्वरार समेथा मुथारम्मन मंदिर का दशहरा उत्सव विश्व प्रसिद्ध है। नवरात्रि के अवसर पर हर साल आयोजित होने वाला यह दशहरा उत्सव 11 अक्टूबर की सुबह ध्वजारोहण के साथ शुरू हुआ था। 10 दिनों तक चलने वाले इस उत्सव में देवी अंबल हर दिन अलग-अलग रूपों में भक्तों को दर्शन देती हैं।

उत्सव के 9वें दिन मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। अंबल का दूध, हल्दी, चंदन, कुमकुम और पंचामृत जैसी विभिन्न पवित्र सामग्रियों से विशेष अभिषेक किया गया और भव्य दीपाराधना की गई। इस विशेष पूजा में बड़ी संख्या में भक्तों ने भाग लिया और देवी के दर्शन कर आशीर्वाद लिया।

इसके बाद रात में अंबल कलाईमगल ‘तिरुक्कोला’ यानी दिव्य रूप में भक्तों के सामने आईं। देवी के इस अलौकिक स्वरूप के लिए महादीपाराधना की गई। इसके बाद देवी अपने तिरुक्कोला रूप में सड़कों पर निकलीं और भक्तों को आशीर्वाद दिया। इस दौरान मंदिर के आसपास भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी और सभी ने श्रद्धा के साथ देवी के दर्शन किए।

दशहरा उत्सव का मुख्य और सबसे महत्वपूर्ण कार्यक्रम ‘महिषासुर संहार’ 20 अक्टूबर की आधी रात को मंदिर के पास समुद्र तट पर आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम को देखने के लिए देश भर से श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं।

इस अवसर पर जो भक्त अपना व्रत पूरा कर चुके हैं और विशेष वेशभूषा पहने हुए हैं, वे सड़कों से प्राप्त भेंट और दान को मंदिर के खजाने में जमा करके अपनी मन्नतें पूरी कर रहे हैं। पूरे इलाके में दशहरा उत्सव की धूम मची हुई है। भक्त मंदिर परिसर और विभिन्न इलाकों में नाच-गा कर उत्सव मना रहे हैं। मंदिर प्रशासन द्वारा भक्तों की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं।