नई दिल्ली, 21 सितंबर (आईएएनएस)। पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी की सांप्रदायिकता और धार्मिक स्वतंत्रता पर की गई टिप्पणियों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीयता और संस्कृति के लिए खतरा और सनातन परंपरा को निशाना बनाने की कोशिश करार दिया है। योगी आदित्यनाथ के इस बयान पर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद, कांग्रेस नेता उदित राज और कांग्रेस नेता आसिम वकार ने प्रतिक्रियाएं दी हैं।
सीएम योगी के बयान पर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा, “यह सनातन का अपमान कैसे है? उन्होंने ऐसा क्या कहा जिससे अपमान हुआ हो? मैंने उनके बयान में ऐसी कोई बात नहीं सुनी जो सनातन के खिलाफ हो। यह उनकी आदत बन गई है। आप मस्जिदें गिराते हैं, दरगाहें नष्ट करते हैं और हमारे खिलाफ हिंसा करते हैं और जब भी हम इस बारे में बात करते हैं, तो आप इसे सनातन का अपमान कहते हैं। यह सनातन का अपमान कैसे है? आप नफरत फैला रहे हैं।”
कांग्रेस नेता उदित राज ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि हामिद अंसारी ने सनातन परंपरा की आलोचना करने जैसा कुछ किया है। दूसरी बात, उन्होंने ऐसा क्या गलत कहा है? नेहरू ने भी यही कहा था और डॉ. अंबेडकर ने भी यही कहा था। इस बात को इतना महत्व क्यों दिया जा रहा है कि वे मुस्लिम समुदाय से हैं? ऐसे भाषण और बयान तो रोजाना होते रहते हैं। ऐसा लगता है कि वे लगातार किसी मौके की तलाश में रहते हैं और मुस्लिम समुदाय के किसी व्यक्ति के कुछ भी ऐसा कहने का इंतजार करते हैं जिससे वे विवाद खड़ा कर सकें।”
आसिम वकार ने कहा, “हामिद अंसारी ने पूरी जिंदगी सनातनी हिंदुओं के साथ काम किया है। जब वह उपराष्ट्रपति थे, तब राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और गृह मंत्री हिंदू थे। मुझे लगता है कि हामिद अंसारी को समझने में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गलती कर रहे हैं। हामिद अंसारी उन लोगों के खिलाफ हैं जो देश में अपराध बढ़ाते हैं, जातियों और धर्मों के खिलाफ लोगों के दिलों में हिंसा भरते हैं और सड़कों पर उपद्रव मचाते हैं। हामिद अंसारी सनातनियों और हिंदुओं के खिलाफ नहीं हैं।”
