गिरिडीह, 29 अक्टूबर (आईएएनएस)। झारखंड के गिरिडीह जिले में चिचाकी रेलवे स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक से 20 सितंबर को बरामद की गई युवती की लाश की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस के अनुसार, युवती की गला दबाकर हत्या की गई थी और उसके बाद इसे हादसे का रूप देने के लिए शव को ट्रैक पर फेंक दिया गया था। इस हत्याकांड में एक युवक और उसकी पत्नी को गिरफ्तार किया गया है।
बगोदर-सरिया के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी धनंजय राम ने गुरुवार को बताया कि मृतका की पहचान लक्ष्मी कुमारी के रूप में हुई है। उसका विनोद मंडल के साथ प्रेम-प्रसंग था। पुलिस के मुताबिक, विनोद पिछले छह-सात वर्षों से लक्ष्मी के संपर्क में था। वह उसकी पढ़ाई, खाने-पीने तथा अन्य जरूरतों के लिए आर्थिक मदद करता था। वह परीक्षा देने आने-जाने के लिए भी उसे पैसे देता था।
पुलिस के अनुसार, हाल में लक्ष्मी को आंध्र प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय में पढ़ाई के लिए करीब डेढ़ लाख रुपए की जरूरत थी। घर से आर्थिक सहायता नहीं मिलने के कारण उसने विनोद से एकमुश्त डेढ़ लाख रुपए मांगे थे। पुलिस का दावा है कि लगातार पैसों की मांग से विनोद दबाव में था और उसने लक्ष्मी की हत्या की योजना बनाई।
जांच के मुताबिक, 19 सितंबर को विनोद लक्ष्मी को एक सुनसान कमरे में ले गया। वहां दोनों के सोने के दौरान उसने लक्ष्मी को दबोच लिया और गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार, शव को ठिकाने लगाने और हत्या को दुर्घटना का रूप देने में विनोद की पत्नी सविता देवी भी शामिल थी।
एसडीपीओ धनंजय राम ने बताया कि 20 सितंबर को चिचाकी रेलवे स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक पर पोल संख्या 335/31 के नजदीक लक्ष्मी का शव मिला था। शुरुआती तौर पर मामले की जांच के दौरान पुलिस ने मृतका के संपर्क में रहने वाले लोगों के बारे में जानकारी जुटाई। इसी क्रम में विनोद तक पहुंचने के बाद पुलिस ने मामले की कड़ियां जोड़ीं। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

