पुणे में नीट घोटाला: 24 साल से पढ़ा रही शिक्षिका सलाखों के पीछे, कॉलेज ने काटा पत्ता!

0
4

पुणे, 18 मई (आईएएनएस)। पुणे के शिवाजीनगर स्थित मॉडर्न कला, विज्ञान और वाणिज्य महाविद्यालय (स्वायत्त) की जूनियर विंग की जीव विज्ञान (बायोलॉजी) शिक्षिका मनीषा गुरुनाथ मांढरे को नीट 2026 प्रश्नपत्र लीक मामले में गिरफ्तार किए जाने के बाद कॉलेज प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। संस्था के नियामक मंडल ने सोमवार को एक आपातकालीन बैठक बुलाकर मनीषा मांढरे को तत्काल प्रभाव से सेवा से निलंबित (सस्पेंड) कर दिया है।

यह निलंबन उनकी गिरफ्तारी की तारीख शनिवार, 16 मई से ही लागू माना जाएगा। इस संबंध में मॉडर्न कॉलेज ने एक आधिकारिक पत्र भी जारी किया है।

मनीषा मांढरे साल 2002 से इस कॉलेज में कार्यरत हैं और पिछले 24 वर्षों से कक्षा 11वीं और 12वीं के छात्रों को जीव विज्ञान पढ़ा रही थीं। उनके इसी लंबे शैक्षणिक अनुभव को देखते हुए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने उन्हें नीट परीक्षा से जुड़े कुछ बेहद गोपनीय काम के लिए नियुक्त किया था।

कॉलेज प्रशासन और संस्था ने इस पूरे मामले से खुद को पूरी तरह अलग कर लिया है। कॉलेज द्वारा जारी पत्र में स्पष्ट किया गया है कि एनटीए द्वारा की गई यह नियुक्ति पूरी तरह से गोपनीय थी। इस नियुक्ति से संस्था या मॉडर्न कॉलेज का दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है। संबंधित शिक्षिका और एनटीए के बीच सारा पत्रव्यवहार और निर्देश सीधे तौर पर हो रहे थे, जिसकी भनक कॉलेज प्रशासन को नहीं थी।

संस्था ने मीडिया और समाचार चैनलों के माध्यम से शिक्षिका की गिरफ्तारी की खबर मिलने पर गहरा दुख और नाराजगी व्यक्त की है। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि यह घटना अत्यंत गंभीर, दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है, जो पूरे शिक्षा क्षेत्र की छवि को नुकसान पहुंचाती है।

सोमवार को हुई आपातकालीन बैठक में ‘महाराष्ट्र निजी स्कूल कर्मचारी (सेवा की शर्तें) नियमावली 1981’ के नियम 33 (5) के तहत मनीषा मांढरे के निलंबन की कार्रवाई को मंजूरी दी गई। इस निलंबन की जानकारी पुणे के शिक्षा आयुक्त, स्कूली शिक्षा विभाग के उपनिदेशक और सह-निदेशक को दे दी गई है। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस पूरे मामले की आगे की जांच में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को पूरा सहयोग दिया जाएगा।