SGSU Advertisement
Home राजनीति रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी विवाद पर पवन खेड़ा बोले, युवाओं की आवाज...

रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी विवाद पर पवन खेड़ा बोले, युवाओं की आवाज दबाना चाहता है संघ

0
4

नई दिल्ली, 22 अक्टूबर (आईएएनएस)। कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान वाड्रा की कला प्रदर्शनी से 70 तस्वीरें हटाए जाने, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की महिलाओं को लेकर सोच समेत कई मुद्दों पर प्रतिक्रिया दी। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार और संघ पर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर सवाल उठाए। साथ ही उन्होंने एसबीआई से ग्राहकों के डेटा की सुरक्षा और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।

प्रदर्शनी से रेहान वाड्रा की 70 तस्वीरें हटाए जाने के मामले पर पवन खेड़ा ने कहा कि मौजूदा सरकार को युवाओं, उनके मुद्दों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से परेशानी है। युवा सड़क पर उतरकर अपनी बात रखें, कविता लिखें, साहित्य के माध्यम से विचार व्यक्त करें या कला के जरिए अपनी भावनाएं सामने लाएं, हर स्थिति में उन्हें रोकने की कोशिश की जाती है।

खेड़ा ने कहा कि उन्होंने खुद प्रदर्शनी में लगाए गए चित्र देखे हैं और उनमें किसी राजनीतिक दल या पार्टी से जुड़ी कोई विशेष बात नहीं थी। इन चित्रों में युवाओं की अभिव्यक्ति को दर्शाया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। इस मुद्दे को संघ और युवाओं के बीच वैचारिक टकराव बताते हुए उन्होंने संघ की तुलना अंग्रेजी हुकूमत की मानसिकता से की।

आरएसएस नेता रामलाल के उस बयान पर, जिसमें राहुल गांधी के संघ में महिलाओं के सम्मान को लेकर दिए गए बयान को गलत बताया गया था, पवन खेड़ा ने कहा कि रामलाल को मोहन भागवत के महिलाओं से संबंधित पुराने बयानों को देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि संघ प्रमुख मोहन भागवत पहले महिलाओं के चारदीवारी के भीतर रहने और हिंदू महिलाओं के चार बच्चे पैदा करने जैसे विचार व्यक्त कर चुके हैं। यदि रामलाल का संपर्क नंबर उपलब्ध कराया जाए, तो वह उन्हें संबंधित वीडियो भेज सकते हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि सच कौन बोल रहा है। संघ की मानसिकता महिलाओं को घर तक सीमित रखने की है और राहुल गांधी ने इसी सोच पर सवाल उठाए हैं।

राहुल गांधी के वियतनाम दौरे को सत्ता परिवर्तन की तैयारी से जोड़ने वाले भाजपा के आरोपों पर पवन खेड़ा ने तंज कसा। उन्होंने कहा कि इस तरह के आरोप अब रोज का मजाक बन गए हैं और भाजपा के पास आरोप लगाने के लिए नए मुद्दे नहीं बचे हैं। खेड़ा ने सोरोस और उनसे जुड़ी संस्थाओं के वित्तपोषण और भाजपा नेताओं के संबंधों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यदि राहुल गांधी कुछ गलत कर रहे हैं तो सरकार को कार्रवाई करनी चाहिए और आरोपों के समर्थन में तथ्य सामने रखने चाहिए।

एसबीआई के डेटा लीक से 3.75 लाख ग्राहकों के प्रभावित होने के मुद्दे पर कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कहा कि देश के सबसे बड़े बैंकों में शामिल एसबीआई पर करोड़ों लोग भरोसा करते हैं। ऐसे में ग्राहकों के डेटा का लीक होना मामूली बात नहीं है। उन्होंने बैंक से मांग की कि वह प्रभावित ग्राहकों को भरोसे में लेकर स्पष्ट करे कि कौन-सा डेटा लीक हुआ है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने ग्राहकों के प्रति बैंक की जवाबदेही को महत्वपूर्ण बताया।

सोनिया गांधी की आगामी पुस्तक के विमोचन को लेकर खेड़ा ने उन्हें शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक केवल एक किताब नहीं, बल्कि सोनिया गांधी की उस भावनात्मक यात्रा का विवरण है, जो उन्होंने 1960 के दशक में भारत के साथ शुरू की थी और आज तक जारी है। खेड़ा ने सोनिया गांधी के जीवन के कठिन दौर और उनके प्रति की गई टिप्पणियों का उल्लेख करते हुए कहा कि तमाम परिस्थितियों के बावजूद देश के प्रति उनकी निष्ठा कमजोर नहीं हुई। इस पुस्तक को सभी को पढ़ना चाहिए, क्योंकि इससे बहुत कुछ सीखने को मिलेगा।