भोपाल : 18 सितम्बर/ स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी (SGSU), भोपाल ने इंस्टीट्यूट ऑफ ट्रांसलेशनल हेल्थ साइंसेज (ITHS) के सहयोग से 17 सितंबर 2026 को विश्वविद्यालय परिसर में अपने डिपार्टमेंट ऑफ क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी एंड ART का उद्घाटन किया। उद्घाटन समारोह दोपहर 2:00 बजे स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी, भोपाल के स्कूल ऑफ मॉडर्न एंड लाइफ साइंसेज स्थित डिपार्टमेंट ऑफ क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी में आयोजित किया गया। नया विभाग और प्रयोगशाला क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी एवं रिप्रोडक्टिव साइंसेज के क्षेत्र में उन्नत शिक्षा, व्यावहारिक प्रशिक्षण, शोध और कौशल विकास को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
SGSU के चांसलर डॉ. सिद्धार्थ चतुर्वेदी ने नए डिपार्टमेंट और लैबोरेटरी का उद्घाटन किया। इस नई सुविधा को क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी में एडवांस्ड एकेडमिक लर्निंग, प्रैक्टिकल लैबोरेटरी ट्रेनिंग और रिसर्च से जुड़ी गतिविधियों के लिए एक प्लेटफॉर्म के तौर पर तैयार किया गया है। यह अत्याधुनिक लैबोरेटरी छात्रों को तेज़ी से विकसित हो रहे इस क्षेत्र से जुड़ी आधुनिक तकनीकों और प्रोफेशनल तौर-तरीकों से परिचित कराएगी। साथ ही, यह सुविधा आधुनिक लैबोरेटरी माहौल में प्रैक्टिकल लर्निंग और स्किल डेवलपमेंट के अवसर भी प्रदान करेगी।
कार्यक्रम में SGSU के चांसलर डॉ. सिद्धार्थ चतुर्वेदी, वाइस चांसलर डॉ. विजय सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. सीतेश कुमार सिन्हा, ITHS की फाउंडर एंड डायरेक्टर सुश्री ज्योति गढ़ेवाल, SGSU के डीन एकेडमिक्स डॉ. वी.के. गुप्ता, DSW डॉ. विनोद शर्मा, स्कूल ऑफ मॉडर्न एंड लाइफ साइंसेज के डीन/HOS प्रो. सत्येंद्र खरे तथा ITHS, चंडीगढ़ के डायरेक्टर प्रो. पुलकेश पुरकैत सहित फैकल्टी सदस्य एवं अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।
एसजीएसयू के कुलाधिपति डॉ. सिद्धार्थ चतुर्वेदी ने कहा कि उभरते हुए क्षेत्रों के लिए विद्यार्थियों को तैयार करने में उन्नत एवं व्यावहारिक शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका है। डिपार्टमेंट ऑफ क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी एंड ART और इसकी अत्याधुनिक प्रयोगशाला की स्थापना से विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करने तथा क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी एवं रिप्रोडक्टिव साइंसेज में आधुनिक तकनीकों को समझने के अवसर मिलेंगे।
कुलगुरु डॉ. विजय सिंह ने कहा कि उद्योग एवं स्वास्थ्य क्षेत्र उन्मुख शैक्षणिक कार्यक्रम सैद्धांतिक ज्ञान को व्यावहारिक एवं कौशल आधारित शिक्षा से जोड़ने के लिए महत्वपूर्ण हैं। SGSU और ITHS के बीच यह सहयोग विद्यार्थियों को आधुनिक प्रयोगशाला कार्यप्रणालियों से परिचित होने तथा इस विशेष क्षेत्र में अपने शैक्षणिक एवं व्यावसायिक विकास को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करेगा।
रजिस्ट्रार डॉ. सीतेश कुमार सिन्हा ने कहा कि विद्यार्थियों के समग्र विकास में अनुभवात्मक शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका है। नया विभाग और प्रयोगशाला व्यावहारिक शिक्षा को मजबूत करेंगे और विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकों एवं व्यावसायिक कार्यप्रणालियों से परिचित होने के साथ-साथ आवश्यक कौशल विकसित करने के अवसर प्रदान करेंगे।
ITHS की फाउंडर एंड डायरेक्टर सुश्री ज्योति गढ़ेवाल ने कहा कि स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी के साथ यह सहयोग क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी के क्षेत्र में उन्नत अध्ययन, व्यावहारिक प्रशिक्षण और व्यावसायिक विकास के लिए सार्थक अवसर तैयार करने में मदद करेगा। नवनिर्मित विभाग और प्रयोगशाला विद्यार्थियों को इस विशेष क्षेत्र की समकालीन कार्यप्रणालियों से परिचित होने का अवसर प्रदान करेंगे।
SGSU के डीन एकेडमिक्स डॉ. वी.के. गुप्ता ने कहा कि डिपार्टमेंट ऑफ क्लिनिकल एम्ब्रियोलॉजी एंड ART की स्थापना आधुनिक, कौशल-आधारित और तकनीक-सक्षम शिक्षा प्रदान करने के लिए विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। अत्याधुनिक प्रयोगशाला व्यावहारिक शिक्षा को मजबूत करेगी और विद्यार्थियों को तेजी से विकसित हो रहे स्वास्थ्य एवं रिप्रोडक्टिव साइंसेज क्षेत्र के लिए आवश्यक कौशल विकसित करने में मदद करेगी।
विश्वविद्यालय नेतृत्व ने कहा कि SGSU और ITHS के बीच यह सहयोग इस विशेष क्षेत्र में शैक्षणिक एवं व्यावसायिक विकास को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह उद्घाटन स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी के आधुनिक, कौशल-आधारित और तकनीक-सक्षम शिक्षा को बढ़ावा देने तथा विद्यार्थियों को समकालीन प्रयोगशाला वातावरण में सीखने के अवसर उपलब्ध कराने की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

