अहमदाबाद, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। अहमदाबाद सिटी क्राइम ब्रांच ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। उस पर 3 अक्टूबर को अमृतसर में पंजाबी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और मेकअप आर्टिस्ट मैड संधू की हत्या में शामिल होने का आरोप है।
पुलिस ने उसे शूटर के तौर पर पहचाना है, जिसने हमले में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल का भी इंतजाम किया था। इस संबंध में पुलिस ने गुरुवार को जानकारी दी।
इस दौरान विदेशी फंडिंग और गोल्डी ढिल्लों गैंग से लिंक का पता चला है।
आरोपी की पहचान परमिंदर प्रसाद उर्फ परमिंदर काका के तौर पर हुई है। अहमदाबाद क्राइम ब्रांच के डीसीपी अजीत राजियन के मुताबिक, परमिंदर ने ही गोली चलाई थी, जिससे संधू की मौत हुई और उसने ही हमलावरों द्वारा इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल का इंतजाम किया था।
राजियन ने आईएएनएस को बताया, “उसकी भूमिका शूटर की है। उसने गोली चलाई और बाइक का भी इंतजाम किया।” यह गिरफ्तारी अमृतसर पुलिस से मिली जानकारी और पंजाब व गुजरात पुलिस टीमों के बीच तालमेल के बाद हुई है।
आरोपी का पता अहमदाबाद में चला, जहां क्राइम ब्रांच ने हत्या की जांच के सिलसिले में उसे हिरासत में ले लिया।
उन्होंने पुष्टि की, “अमृतसर के कैंटोनमेंट पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 के तहत दर्ज की गई है। आगे की कानूनी कार्रवाई चल रही है।”
संधू का असली नाम मधुसूदन संधू था। उसको 3 अक्टूबर को अमृतसर में लोहारका रोड पर एक कार वॉश सेंटर के पास मोटरसाइकिल सवार दो हमलावरों ने गोली मार दी थी। पुलिस ने बताया था कि हमलावरों ने मौके से भागने से पहले गोली चलाई थी। संधू को एक प्राइवेट अस्पताल ले जाया गया, जहां चोटों के कारण उनकी मौत हो गई।
हत्या के बाद पुलिस ने शुरू में कई संभावित पहलुओं की जांच की। जांचकर्ताओं ने हमलावरों की पहचान करने के लिए इलाके से सीसीटीवी फुटेज इकट्ठा किए और संधू की गतिविधियों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच की।
खबरों के मुताबिक, अमृतसर पुलिस ने कॉन्ट्रैक्ट-किलिंग (पैसे लेकर हत्या करने) के एंगल की जांच करते हुए दो लोगों को हिरासत में लिया था।
29 साल के संधू सोशल मीडिया पर काफी लोकप्रिय थे। वे एक मेकअप आर्टिस्ट के तौर पर और पॉडकास्ट व डिजिटल प्लेटफॉर्म पर मेकअप आर्टिस्टी और जेंडर से जुड़े मुद्दों पर बात करने के लिए जाने जाते थे। इंस्टाग्राम पर उनके दो लाख से ज्यादा फॉलोअर्स थे और वे पंजाबी फिल्म ‘ओये भोले ओये’ में भी नजर आए थे।
यह मामला तब और चर्चा में आया जब विदेश में बैठे गैंगस्टर्स से जुड़े सोशल-मीडिया पोस्ट्स में हत्या की जिम्मेदारी ली गई। पंजाब पुलिस ने पहले कहा था कि ऐसे पोस्ट्स की सच्चाई की पुष्टि नहीं हुई है। जांच करने वाले अधिकारी गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों के नेटवर्क से संभावित कनेक्शन की भी जांच कर रहे हैं।
उम्मीद है कि इस ताजा गिरफ्तारी से जांचकर्ताओं को हत्या से जुड़ी घटनाओं का क्रम समझने, इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान करने और कथित कॉन्ट्रैक्ट किलिंग से जुड़े हालात का पता लगाने में मदद मिलेगी।
